डोनाल्ड ट्रम्प का दूसरा कार्यकाल: पहले साल में उठाए गए विवादास्पद कदम
ट्रम्प की ऐतिहासिक वापसी
नई दिल्ली: 20 जनवरी को डोनाल्ड ट्रम्प ने व्हाइट हाउस में अपनी वापसी के साथ 'अमेरिका के स्वर्ण युग' की शुरुआत की घोषणा की। उनके दूसरे कार्यकाल के पहले वर्ष में कई ऐसे निर्णय लिए गए, जिन्होंने न केवल अमेरिका की आंतरिक राजनीति में हलचल मचाई, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी प्रभाव डाला।
पहले वर्ष में महत्वपूर्ण निर्णय
ट्रम्प ने पदभार ग्रहण करने के तुरंत बाद 200 से अधिक कार्यकारी आदेशों पर हस्ताक्षर किए। इनमें पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन के लगभग 80 आदेशों को रद्द करना और 6 जनवरी को अमेरिकी कैपिटल में विद्रोह से जुड़े मामलों में लगभग 1,500 लोगों को माफी देना शामिल था।
अपने उद्घाटन भाषण में उन्होंने कहा, 'आज से हमारा देश फिर से समृद्ध होगा और पूरी दुनिया में सम्मानित होगा। हम हर राष्ट्र के लिए ईर्ष्या का पात्र होंगे।' ट्रम्प ने 'अमेरिका सर्वोपरि' के सिद्धांत को अपनाने का वादा किया।
विदेश नीति में बदलाव
चुनाव प्रचार के दौरान ट्रम्प ने खुद को वैश्विक शांति के लिए समर्पित बताया। पहले वर्ष में उन्होंने कई विवादास्पद विदेश नीति निर्णय लिए, जैसे वेनेजुएला के नेता को पकड़ने के लिए अभियान और ग्रीनलैंड के मुद्दे पर तनाव।
गाजा में इजरायल-हमास युद्ध के दौरान युद्धविराम समझौता ट्रम्प प्रशासन की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि रही। इसके अलावा, 'डोनरो सिद्धांत' पेश किया गया, जो पश्चिमी गोलार्ध में अमेरिका की भूमिका को पुनर्परिभाषित करता है।
आव्रजन नीति और संघीय ढांचे में बदलाव
ट्रम्प ने अवैध आव्रजन पर सख्ती बरती, जिसके परिणामस्वरूप 6.22 लाख से अधिक लोगों को निर्वासित किया गया। इस नीति के खिलाफ विरोध भी बढ़ा है।
संघीय ढांचे में बदलाव करते हुए, ट्रम्प ने सरकारी दक्षता विभाग (DOGE) की स्थापना की, जिसके तहत हजारों कर्मचारियों की छंटनी की गई।
आर्थिक नीतियों का प्रभाव
ट्रम्प ने आयात पर टैरिफ लागू किए, जिससे शेयर बाजार में गिरावट आई। हालांकि, कुछ टैरिफ पर रोक लगाई गई, लेकिन रोजगार सृजन की गति धीमी रही।
महंगाई दर में वृद्धि के साथ, औसत अमेरिकी परिवार को पहले की तुलना में अधिक खर्च करना पड़ रहा है।
स्वास्थ्य और आवास योजनाएं
ट्रम्प ने 2026 में स्वास्थ्य देखभाल योजना का अनावरण किया, लेकिन इसे लेकर कई सवाल उठे हैं। आवास लागत कम करने के लिए भी योजनाएं बनाई जा रही हैं।
व्हाइट हाउस में परिवर्तन
ट्रम्प ने व्हाइट हाउस के स्वरूप में भी बड़े बदलाव किए, जिसमें ओवल ऑफिस और रोज़ गार्डन का पुनर्निर्माण शामिल है।
भविष्य की चुनौतियाँ
ट्रम्प ने कई चुनावी वादे पूरे किए हैं, लेकिन सभी मुद्दों पर उन्हें बहुमत का समर्थन नहीं मिला है। मध्यावधि चुनाव नजदीक हैं, और यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या वे अपने एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए पर्याप्त समर्थन जुटा पाते हैं।