पाकिस्तान के जनरल आसिम मुनीर का अफगानिस्तान को कड़ा संदेश: सीमा सुरक्षा पर गंभीर चेतावनी
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच बढ़ता तनाव
नई दिल्ली: पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा पर तनाव में लगातार वृद्धि हो रही है। इस बीच, पाकिस्तान के थल सेनाध्यक्ष मार्शल आसिम मुनीर के एक बयान ने राजनीतिक और सैन्य हलकों में नई चर्चाओं को जन्म दिया है। दक्षिण वजीरिस्तान के वाना क्षेत्र में उनके दौरे के दौरान, उन्होंने अफगान तालिबान को सीमा सुरक्षा और आतंकवाद के मुद्दे पर कड़ी चेतावनी दी।
सीमा सुरक्षा पर सख्त रुख
पाकिस्तानी सेना की मीडिया विंग आईएसपीआर (ISPR) द्वारा जारी बयान में, मुनीर ने स्पष्ट रूप से कहा कि अफगानिस्तान की भूमि का उपयोग पाकिस्तान के खिलाफ किसी भी प्रकार से स्वीकार नहीं किया जाएगा। उनके इस सख्त रुख ने पाकिस्तान में हलचल मचा दी है।
वाना दौरे के दौरान सुरक्षा स्थिति की समीक्षा
मार्शल आसिम मुनीर ने वाना क्षेत्र का दौरा कर सीमा की वर्तमान स्थिति का आकलन किया। इस दौरान उन्हें सीमा प्रबंधन और खुफिया जानकारी आधारित ऑपरेशंस (IBOs) के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई।
उन्हें हाल की घटनाओं और चल रहे सैन्य अभियानों पर भी जानकारी दी गई। सेना प्रमुख ने सैनिकों की तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सीमा सुरक्षा को और मजबूत करने के निर्देश दिए।
अफगानिस्तान से पाकिस्तान विरोधी गतिविधियों पर आपत्ति
आईएसपीआर के अनुसार, मुनीर ने अफगानिस्तान की धरती से पाकिस्तान के खिलाफ गतिविधियों पर कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा, 'आतंकवादियों द्वारा पाकिस्तान के खिलाफ अफगान भूमि का उपयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और सीमा पार से आने वाले खतरों को नष्ट करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।'
उन्होंने यह भी कहा कि दोनों देशों के बीच स्थायी शांति तभी संभव है जब अफगानिस्तान अपनी नीतियों में बदलाव लाए। मुनीर ने कहा, 'शांति तभी संभव है जब अफगान तालिबान आतंकवाद और आतंकवादी संगठनों का समर्थन छोड़ दे।'
'ऑपरेशन गजब-लिल-हक' का संदर्भ
सेना प्रमुख का यह दौरा उस समय हुआ है जब पाकिस्तान ने हाल ही में अफगानिस्तान के खिलाफ एक बड़ा सैन्य अभियान शुरू किया है। 26 फरवरी की रात को पाकिस्तान ने 'ऑपरेशन गजब-लिल-हक' की शुरुआत की थी।
यह कार्रवाई उन कथित हमलों के जवाब में की गई, जिनमें अफगान तालिबान पर 2600 किलोमीटर लंबी सीमा पर 53 विभिन्न स्थानों को निशाना बनाने का आरोप है।
टीटीपी पर लगातार आरोप
पाकिस्तान लंबे समय से यह दावा करता रहा है कि प्रतिबंधित संगठन टीटीपी (TTP) जैसे समूहों को अफगानिस्तान में सुरक्षित पनाहगाह मिल रही है। सीमा पार से होने वाली गतिविधियों के कारण दोनों देशों के रिश्तों में तनाव बना हुआ है।
मार्शल मुनीर के हालिया बयान ने इस तनाव को और बढ़ा दिया है, खासकर जब क्षेत्रीय सुरक्षा की स्थिति पहले से ही संवेदनशील है।