बैंकॉक में बाढ़: भारी बारिश से जनजीवन प्रभावित, सरकार ने घोषित की छुट्टी
बैंकॉक में बाढ़ की गंभीर स्थिति
नई दिल्ली: थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में बाढ़ की स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। सोमवार को शहर के कई हिस्से जलमग्न रहे, जहां कई स्थानों पर पानी कमर तक भर गया है, जिससे लोगों को आवागमन में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। सड़कें तालाबों में तब्दील हो गई हैं और पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। इसके अलावा, घरों और दुकानों में पानी घुसने से लोगों की दैनिक गतिविधियाँ बाधित हो गई हैं।
इसके साथ ही आवश्यक वस्तुओं की कमी भी देखने को मिल रही है, और लोग अपने घरों से पानी निकालने में जुटे हुए हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, बैंकॉक मेट्रोपॉलिटन प्रशासन ने शनिवार को राजधानी के सभी 50 जिलों को आपदा प्रभावित क्षेत्र घोषित कर दिया है, जिससे स्थानीय प्रशासन को राहत और बचाव कार्यों के लिए विशेष अधिकार प्राप्त हो गए हैं।
सरकार ने घोषित की छुट्टी
बाढ़ की स्थिति को ध्यान में रखते हुए, सरकार ने बैंकॉक और उसके आस-पास के तीन प्रांतों में सरकारी कर्मचारियों के लिए सोमवार और मंगलवार की छुट्टी की घोषणा की है। प्रशासन के अनुसार, रविवार तक लगभग 52,000 परिवार बाढ़ से प्रभावित हो चुके हैं, और लगभग 4,900 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। कई क्षेत्रों में लोग अभी भी अपने घरों में फंसे हुए हैं, जहां राहत टीमें आवश्यक सामग्री पहुंचाने का प्रयास कर रही हैं।
नहरों का जलस्तर बढ़ा
बाढ़ का प्रभाव केवल सड़कों तक सीमित नहीं है। बैंकॉक की नहरों का जलस्तर भी खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। इन नहरों के माध्यम से शहर से पानी निकालने का प्रयास किया जा रहा है। सभी पंपिंग स्टेशनों को अधिकतम क्षमता पर चलाया जा रहा है और विभिन्न स्थानों पर सैंडबैग लगाकर पानी को रोकने की कोशिश की जा रही है।
रिकॉर्ड तोड़ बारिश का असर
बैंकॉक में हुई रिकार्ड तोड़ बारिश: इस बार बैंकॉक में अभूतपूर्व बारिश हुई है। कुछ क्षेत्रों में केवल 48 घंटों में 300 मिलीमीटर से अधिक वर्षा हुई है। 1 से 25 सितंबर के बीच राजधानी में 487 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से कहीं अधिक है। हालांकि सितंबर में बारिश सामान्य है, लेकिन इस बार की बारिश ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। वर्तमान में प्रशासन पानी निकालने में जुटा है, लेकिन स्थिति पूरी तरह से मौसम पर निर्भर है। कई क्षेत्रों में पानी उतरने में अभी कई दिन लग सकते हैं।