×

भारत और यूरोपीय संघ के बीच ऐतिहासिक व्यापार समझौते की तैयारी

भारत और यूरोपीय संघ के बीच एक ऐतिहासिक व्यापार समझौते की घोषणा होने वाली है, जो वैश्विक जीडीपी का एक चौथाई हिस्सा कवर करेगा। उर्सुला वॉन डेर लिएन ने इसे 'मदर ऑफ ऑल ट्रेड डील्स' कहा है। इस समझौते के पीछे 18 वर्षों की बातचीत का परिणाम है। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की प्रतिक्रिया भी इस घटनाक्रम में महत्वपूर्ण है। जानें इस डील के महत्व और इसके वैश्विक प्रभाव के बारे में।
 

भारत की बढ़ती वैश्विक स्थिति

भारत अब दुनिया की सबसे बड़ी ट्रॉफी बन चुका है, यह बयान यूरोपीय संघ की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लिएन ने विश्व आर्थिक मंच के दावोस में दिया। उन्होंने बताया कि भारत और यूरोपीय संघ (ईयू) अगले सप्ताह होने वाले शिखर सम्मेलन में एक महत्वपूर्ण व्यापार समझौते की घोषणा करने के करीब हैं। यह समझौता लगभग 200 करोड़ लोगों के बाजार को जोड़ते हुए वैश्विक जीडीपी का एक चौथाई हिस्सा कवर करेगा।


उर्सुला वॉन डेर लिएन ने स्विट्जरलैंड में इस वार्षिक बैठक में कहा कि प्रस्तावित मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) एक ऐतिहासिक अवसर होगा, जो यूरोप को तेजी से बढ़ते और गतिशील भारतीय बाजार के साथ जुड़ने का लाभ देगा।


व्यापार समझौते का महत्व

उन्हें 'मदर ऑफ ऑल ट्रेड डील्स' के रूप में वर्णित करते हुए, उन्होंने कहा कि यह समझौता 18 वर्षों की बातचीत का परिणाम है। जब यह चर्चा शुरू हुई थी, तब जो बच्चा पैदा हुआ था, वह अब वोट डालने के योग्य हो चुका है।


उन्होंने बताया कि आज दुनिया की तीन बड़ी समस्याएं हैं: अमेरिका के साथ टैरिफ नीति, चीन के साथ सप्लाई चेन दबाव, और रूस के साथ भू-राजनीतिक जोखिम। इन सभी के बीच, भारत एक स्थिर और लोकतांत्रिक भागीदार के रूप में उभरा है।


डोनाल्ड ट्रंप की प्रतिक्रिया

जब यूरोपीय संघ के प्रमुख ने भारत के साथ इस महत्वपूर्ण डील की घोषणा की, तब अमेरिका में भी इसकी गूंज सुनाई दी। डोनाल्ड ट्रंप का विमान, एयर फ़ोर्स वन, दावोस के लिए उड़ान भरने के बाद एक तकनीकी समस्या के कारण वापस लौट आया।


व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव ने बताया कि उड़ान के दौरान एक मामूली विद्युत समस्या का पता चला, जिसके चलते विमान को वापस लौटने का निर्णय लिया गया। ट्रंप ने बाद में दूसरे विमान से स्विट्जरलैंड के लिए अपनी यात्रा जारी रखी।


ट्रंप और यूरोपीय संघ की प्रतिस्पर्धा

डोनाल्ड ट्रंप ने जब अमेरिका के साथ व्यापार समझौते की बात की थी, तो उन्होंने इसे 'बिगेस्ट डील एवर' कहा था। अब उर्सुला वॉन डेर लिएन ने कहा है कि यह डील 'मदर ऑफ ऑल डील्स' है, जो स्पष्ट रूप से ट्रंप को चुनौती देती है।


उन्होंने कहा कि जब तक अमेरिकी कंपनियां भारत में प्रवेश करेंगी, तब तक यूरोपीय संघ पहले से ही वहां अपनी जड़ें जमा चुका होगा। ट्रंप की दृष्टि में, यदि यूरोपीय संघ जीत रहा है, तो अमेरिका हार रहा है।