भारत ने अमेरिका के नए टैरिफ नियमों पर प्रतिक्रिया दी
भारत सरकार की सतर्कता
नई दिल्ली: भारत सरकार अमेरिका में टैरिफ विवाद और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा उठाए गए नए कदमों के प्रति पूरी तरह से सजग हो गई है। शुक्रवार को अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने ट्रंप की पुरानी टैरिफ नीतियों को 'अवैध' करार दिया, जिसके बाद केंद्र सरकार इन घटनाओं और भारतीय व्यापार पर इसके संभावित प्रभावों का गहन अध्ययन कर रही है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि वे सुप्रीम कोर्ट के निर्णय और ट्रंप की प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद की स्थिति का बारीकी से विश्लेषण कर रहे हैं ताकि देश के निर्यात पर पड़ने वाले प्रभावों को समझा जा सके।
ट्रंप का नया कदम
सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के बाद ट्रंप का नया दांव
अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के फैसले के तुरंत बाद, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सभी देशों से होने वाले आयात पर 10 प्रतिशत का नया वैश्विक टैरिफ लगाने की घोषणा की। ट्रंप ने इस संबंध में एक कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किए और अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर लिखा कि उन्हें ओवल ऑफिस से सभी देशों पर वैश्विक 10 प्रतिशत टैरिफ लगाने के आदेश पर हस्ताक्षर करते हुए गर्व है। ये नए टैरिफ नियम 24 फरवरी को भारतीय समयानुसार सुबह 10:31 बजे से प्रभावी होंगे।
IEEPA कानून के तहत टैक्स रद्द
व्यापारिक विवाद का कारण
यह व्यापारिक विवाद तब बढ़ा जब अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि डोनाल्ड ट्रंप शांति काल में 'इंटरनेशनल इमरजेंसी इकोनॉमिक पावर्स एक्ट' (IEEPA) का उपयोग करके इस तरह से टैरिफ नहीं लगा सकते। सुप्रीम कोर्ट के इस निर्णय के बाद भारत पर लगाए गए 18 प्रतिशत रेसिप्रोकल टैरिफ का कानूनी आधार समाप्त हो गया। अर्थशास्त्रियों का मानना है कि इस कानूनी बदलाव के बाद 'मोस्ट फेवर्ड नेशन' दर्जे के तहत भारत पर टैरिफ घटकर 3.5 प्रतिशत तक आ सकता था।
नया टैक्स 24 फरवरी से लागू
सेक्शन 122 का उपयोग
सुप्रीम कोर्ट के इस झटके के बावजूद, ट्रंप ने तुरंत एक नया कानूनी रास्ता निकाला। उन्होंने अमेरिका के कम इस्तेमाल होने वाले कानून 'सेक्शन 122' का सहारा लेते हुए नया आदेश जारी किया। इस कानून के तहत अमेरिकी राष्ट्रपति को बिना कांग्रेस की मंजूरी के 150 दिनों के लिए अधिकतम 15 प्रतिशत तक टैरिफ लगाने का विशेषाधिकार प्राप्त होता है। इसी शक्ति का उपयोग करते हुए ट्रंप ने भारत सहित सभी देशों पर 10 प्रतिशत का नया टैरिफ लागू किया है।