×

संयुक्त राष्ट्र महासचिव पद के लिए रेबेका ग्रिनस्पैन की बढ़ती उम्मीदवारी

कोस्टा रिका की पूर्व उपराष्ट्रपति रेबेका ग्रिनस्पैन ने संयुक्त राष्ट्र महासचिव बनने की दौड़ में सबसे अधिक समर्थन प्राप्त किया है। हाल ही में हुए अनौपचारिक मतदान में उन्हें 10 वोट मिले, जबकि अन्य प्रमुख उम्मीदवारों में गुयाना की राजदूत कैरोलिन रोड्रिग्स बर्केट और राफेल ग्रॉसी शामिल हैं। इस लेख में जानें कि कैसे यह मतदान प्रक्रिया काम करती है और महिलाओं की भूमिका के बारे में क्या कहा गया है।
 

रेबेका ग्रिनस्पैन की प्रमुखता

(योषिता सिंह) संयुक्त राष्ट्र, 31 जुलाई - कोस्टा रिका की पूर्व उपराष्ट्रपति रेबेका ग्रिनस्पैन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में पहले अनौपचारिक मतदान में सबसे अधिक समर्थन प्राप्त किया है। इस मतदान में एंतोनियो गुतारेस के बाद वे महासचिव बनने की दौड़ में सबसे आगे हैं। सूत्रों के अनुसार, सुरक्षा परिषद के 15 सदस्य देशों ने इस मतदान को बंद कमरे में आयोजित किया।


मतदान का परिणाम

इस मतदान के दौरान, सदस्य देशों ने इस महत्वपूर्ण राजनयिक पद के लिए उम्मीदवारों के प्रति अपने विचार व्यक्त करने के लिए गैर-बाध्यकारी वोट डाले। ग्रिनस्पैन को 10 वोट मिले, जबकि एक वोट उनके खिलाफ गया और चार देशों ने ‘कोई राय नहीं’ का विकल्प चुना। गुयाना की स्थायी प्रतिनिधि राजदूत कैरोलिन रोड्रिग्स बर्केट ने नौ समर्थन, दो विरोध और चार ‘कोई राय नहीं’ वोट के साथ दूसरा स्थान प्राप्त किया।


अन्य उम्मीदवारों की स्थिति

अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी के महानिदेशक राफेल ग्रॉसी को सात समर्थन, दो विरोध और छह ‘कोई राय नहीं’ वोट मिले, जिससे वे तीसरे स्थान पर रहे। इस दौड़ में चिली की पूर्व राष्ट्रपति मिशेल बाचेलेत, पूर्व महासभा अध्यक्ष मारिया फर्नांडा एस्पिनोसा गार्सेस, पूर्व अवर महासचिव वर्जीनिया गाम्बा, सेनेगल के पूर्व राष्ट्रपति मैकी साल और युगांडा के नेता ओलारा ओतुन्नु भी शामिल हैं।


महासचिव की नियुक्ति प्रक्रिया

पुर्तगाल के पूर्व प्रधानमंत्री गुतारेस दिसंबर 2026 में अपने दूसरे कार्यकाल को पूरा करेंगे। जुलाई के लिए सुरक्षा परिषद के अध्यक्ष, कांगो के स्थायी प्रतिनिधि राजदूत जेनॉन मुकोंगो नगे ने कहा कि उम्मीदवारों को उनके नामित देशों के स्थायी प्रतिनिधियों के माध्यम से परिणामों की जानकारी दी जाएगी। अगली अनौपचारिक मतदान की तारीख अगस्त में डेनमार्क की अध्यक्षता के दौरान तय की जाएगी। महासभा, सुरक्षा परिषद की सिफारिश पर महासचिव की नियुक्ति करती है।


महिलाओं की भूमिका

सुरक्षा परिषद एक शक्तिशाली लेकिन विभाजित निकाय है, जिसमें पांच स्थायी सदस्य - चीन, फ्रांस, रूस, ब्रिटेन और अमेरिका - वीटो का अधिकार रखते हैं। उल्लेखनीय है कि संयुक्त राष्ट्र के 80 साल के इतिहास में अब तक किसी महिला ने इस संगठन का नेतृत्व नहीं किया है।