हिलेरी क्लिंटन का ट्रंप पर तीखा हमला: क्या वह पुतिन के इशारों पर नाच रहे हैं?
हिलेरी क्लिंटन का आरोप
नई दिल्ली: अमेरिका की पूर्व विदेश मंत्री और राष्ट्रपति पद की उम्मीदवार हिलेरी क्लिंटन ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि ट्रंप रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के प्रभाव में आकर दुनिया को तीन हिस्सों में बांटने की योजना बना रहे हैं। एक वीडियो पॉडकास्ट में हिलेरी ने स्पष्ट किया कि ट्रंप का विचार उत्तरी अमेरिका, दक्षिण अमेरिका और ग्रीनलैंड पर नियंत्रण रखना है, जबकि यूरोप को पुतिन को सौंपने का इरादा है और बाकी दुनिया का नियंत्रण शी जिनपिंग के पास जाएगा।
ट्रंप की नीतियों पर सवाल उठाते हुए
हिलेरी ने यह भी कहा कि ट्रंप पुतिन के लिए एक कठपुतली की तरह काम करने को तैयार हैं। उनका यह बयान ट्रंप की हालिया नीतियों से मेल खाता है, जिसमें वह कनाडा को अमेरिका में मिलाने की बात कर रहे हैं। ग्रीनलैंड पर कब्जे के लिए उनके कई बयान भी सामने आए हैं। दक्षिण अमेरिका में प्रभाव बढ़ाने के लिए उन्होंने मुनरो डॉक्ट्रिन का नया संस्करण 'डोनरो डॉक्ट्रिन' पेश किया है। हिलेरी का कहना है कि ट्रंप यूरोप में अपने पुराने सहयोगियों के साथ संबंध खराब कर रहे हैं, जबकि रूस और चीन के साथ नजदीकी बढ़ा रहे हैं।
पुतिन की विस्तारवादी नीति
हिलेरी ने पुतिन के बारे में चेतावनी दी कि यदि कोई सोचता है कि पुतिन केवल यूक्रेन तक सीमित रहेंगे, तो यह एक बड़ी गलती होगी। उनका मानना है कि रूस भविष्य में यूरोप में भी अपना प्रभाव बढ़ाने की कोशिश करेगा। यह पहली बार नहीं है जब हिलेरी ने ट्रंप को पुतिन की कठपुतली कहा है; उन्होंने 2016 के राष्ट्रपति चुनाव की बहस में भी ऐसा आरोप लगाया था। ट्रंप की वर्तमान रूस नीति ने उनके इस दावे को और मजबूती दी है।
रूस से डीजल खरीद का नया विवाद
2014 में क्रीमिया पर हमले के बाद अमेरिका ने रूस पर कई प्रतिबंध लगाए थे, जो 2022 में यूक्रेन युद्ध के बाद और कड़े हो गए। हाल ही में ट्रंप ने रूस से डीजल खरीदने का ऐलान किया, जिससे नया विवाद खड़ा हो गया है। विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी इस मुद्दे पर उन्हें घेर रही है, जबकि ट्रंप इसे राष्ट्रीय हित का निर्णय बता रहे हैं।