हरियाणा में रबी खरीद की तैयारी पूरी, 1 अप्रैल से शुरू होगी प्रक्रिया
हरियाणा में रबी खरीद की शुरुआत
हरियाणा में रबी खरीद 2026-27 के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। यह प्रक्रिया 1 अप्रैल, बुधवार से शुरू होने जा रही है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले राज्य मंत्री राजेश नागर ने बताया कि रबी खरीद के लिए प्रदेश की अनाज मंडियों को पूरी तरह से तैयार किया गया है। मंडी परिसर में सफाई और किसानों की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया है। इस संबंध में जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रकों और एजेंसी के जिला प्रबंधकों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है।
राजेश नागर ने कहा कि मंडियों में बायोमेट्रिक आधारित खरीद की प्रक्रिया अपनाई जाएगी। इसे सरल बनाने के लिए राज्य सरकार ने किसानों या उनके द्वारा नामित तीन नॉमिनियों में से केवल एक का बायोमेट्रिक सत्यापन अनिवार्य किया है। इससे किसानों को खेत से मंडी आने की आवश्यकता नहीं होगी। इसके अलावा, सभी मंडियों की जियो फेंसिंग की गई है।
इस सुविधा के तहत यह सुनिश्चित किया जाएगा कि सभी गेट पास, नीलामी, जे फंड बनाने और लिफ्टिंग से संबंधित गतिविधियां केवल मंडी परिसर के भीतर ही हों। मंडी के जियो फेंस किए गए क्षेत्र में उपस्थिति की पुष्टि की जाएगी, ताकि कोई अन्य व्यक्ति किसान के नाम पर फसल को फर्जी तरीके से न बेच सके।
किसानों को गेट पास जारी करते समय, वाहन के फोटो और नंबर देना अनिवार्य होगा। यदि किसानों के वाहनों पर नंबर प्लेट नहीं है, तो वे अपने वाहन पर पेंट या कागज पर लिखकर चिपका सकते हैं, जिसे मान्य किया जाएगा।
साथ ही, निकास गेट पास केवल तभी जारी किया जाएगा जब संबंधित वाहन मंडी के जियो-फेंस किए गए क्षेत्र में मौजूद हो। सभी भंडारण स्थलों की जियो फेंसिंग यह सुनिश्चित करती है कि खाद्यान्नों की गोदामों में प्राप्ति तभी हो सकेगी, जब वाहन भौतिक रूप से भंडारण स्थल के जियो-फेंस किए गए क्षेत्र में हो।
राज्य के किसान जो 'मेरी फसल मेरा ब्यौरा' पोर्टल पर पंजीकृत हैं, उनकी उपज की पूरी खरीद की जाएगी। कृषि विभाग ने किसानों द्वारा घोषित भूमि पर उगी फसल के सत्यापन के लिए उपग्रह-छवि आधारित प्रणाली शुरू की है। राजस्व और जिला कृषि अधिकारियों के सत्यापन के साथ-साथ, तीसरे स्तर के सत्यापन के लिए HARSAC के माध्यम से हीट मैप्स का उपयोग किया जाएगा।
