Zomato के CEO दीपिंदर गोयल ने छोड़ी जिम्मेदारी, अलबिंदर ढिंडसा बने नए ग्रुप CEO
नई दिल्ली में जोमैटो में बड़ा बदलाव
नई दिल्ली : जोमैटो की मूल कंपनी इटरनल में उच्च स्तर पर महत्वपूर्ण परिवर्तन होने जा रहा है। कंपनी के संस्थापक और ग्रुप सीईओ दीपिंदर गोयल ने शेयरधारकों को भेजे गए पत्र में बताया है कि वे 1 फरवरी 2026 से अपने पद से इस्तीफा देंगे। हालांकि, वे पूरी तरह से कंपनी से अलग नहीं होंगे और शेयरधारकों की मंजूरी मिलने पर वाइस चेयरमैन के रूप में इटरनल से जुड़े रहेंगे।
अलबिंदर ढिंडसा की नई जिम्मेदारी
नए ग्रुप CEO के तौर पर अलबिंदर ढिंडसा की नियुक्ति
कंपनी ने यह भी घोषणा की है कि दीपिंदर गोयल की जगह अब अलबिंदर ढिंडसा इटरनल के नए ग्रुप सीईओ के रूप में कार्यभार संभालेंगे। प्रबंधन का कहना है कि यह परिवर्तन अचानक नहीं है, बल्कि एक सोची-समझी रणनीति का हिस्सा है, जिससे कंपनी का नेतृत्व भविष्य की योजनाओं और विस्तार पर अधिक ध्यान केंद्रित कर सके।
शेयर बाजार पर सकारात्मक प्रभाव
शेयर बाजार में दिखा सकारात्मक असर
नेतृत्व परिवर्तन की घोषणा के बाद कंपनी के शेयरों में मजबूती आई। कारोबार के दौरान इटरनल के शेयरों में लगभग छह प्रतिशत की वृद्धि देखी गई और दिन के अंत में इसका बंद भाव 283.40 रुपये रहा। निवेशकों ने इस बदलाव को कंपनी की दीर्घकालिक रणनीति के लिए सकारात्मक संकेत माना।
गोयल का निर्णय और उसके पीछे की सोच
CEO पद छोड़ने के पीछे गोयल की सोच
दीपिंदर गोयल ने अपने निर्णय के पीछे का कारण स्पष्ट किया है। उन्होंने कहा कि हाल के समय में उनका झुकाव नए और प्रयोगात्मक विचारों की ओर बढ़ा है, जिनमें जोखिम की मात्रा अधिक है। उनके अनुसार, इस तरह के प्रयोग किसी सूचीबद्ध कंपनी की जिम्मेदारियों के साथ करना उचित नहीं है, क्योंकि इटरनल की मौजूदा रणनीति में इन विचारों के लिए स्थान नहीं है।
नए प्रयोगों पर ध्यान केंद्रित करने की योजना
नए प्रयोगों पर फोकस की योजना
गोयल ने कहा कि वे इन नए विचारों पर कंपनी के बाहर रहकर अधिक स्वतंत्रता के साथ काम करना चाहते हैं। इसी उद्देश्य से उन्होंने ग्रुप सीईओ की भूमिका से हटने का निर्णय लिया है, ताकि वे बिना किसी कॉर्पोरेट दबाव के अपने प्रयोगों को आगे बढ़ा सकें।
कंपनी का वित्तीय प्रदर्शन
दिसंबर तिमाही में कंपनी का मजबूत प्रदर्शन
इटरनल के वित्तीय परिणाम भी कंपनी की मजबूत स्थिति को दर्शाते हैं। 21 जनवरी 2026 को घोषित अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के नतीजों में कंपनी ने शानदार प्रदर्शन किया। खासकर ब्लिंकइट और क्विक कॉमर्स सेगमेंट में निरंतर वृद्धि के चलते कंपनी की आय और मुनाफे में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है।
मुनाफे में वृद्धि
मुनाफे और राजस्व में जबरदस्त उछाल
वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही में कंपनी का शुद्ध लाभ पिछले साल की समान अवधि के 59 करोड़ रुपये से बढ़कर 102 करोड़ रुपये हो गया, जो लगभग 73 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाता है। इसी अवधि में मुख्य परिचालन से राजस्व में भी तेज उछाल आया और यह 16,315 करोड़ रुपये तक पहुंच गया, जबकि एक वर्ष पहले यह 5,405 करोड़ रुपये था।
