अजय पाल शर्मा की पश्चिम बंगाल में तैनाती की अफवाहें निराधार: जानें सच्चाई
अजय पाल शर्मा की चर्चा और वायरल वीडियो
वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी अजय पाल शर्मा इन दिनों सुर्खियों में हैं। उन्हें एनकाउंटर स्पेशलिस्ट के रूप में जाना जाता है और हाल ही में उन्हें पश्चिम बंगाल चुनाव में ऑब्जर्वर के रूप में नियुक्त किया गया था। जब उनका एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें उन्होंने कुछ उपद्रवियों को चेतावनी दी थी, तो तृणमूल कांग्रेस ने उन पर सवाल उठाए। अब यह दावा किया जा रहा है कि यदि पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की सरकार बनती है, तो अजय पाल शर्मा को पांच साल के लिए वहां तैनात किया जाएगा। हालांकि, यह जानकारी गलत साबित हुई है और खुद अजय पाल शर्मा ने इस पर स्पष्टीकरण दिया है।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो
चुनाव के दौरान एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गया था, जो दक्षिण 24 परगना जिले के फलता का था। इस वीडियो में अजय पाल शर्मा टीएमसी उम्मीदवार जहांगीर खान के घर पहुंचे और गड़बड़ी करने वालों को सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी। उन्होंने जहांगीर के परिवार को भी सलाह दी कि वे समझदारी से काम लें, अन्यथा परिणाम गंभीर हो सकते हैं।
टीएमसी की प्रतिक्रिया और अजय पाल शर्मा का बचाव
जहांगीर खान ने इस घटना के बाद बयान दिया, जिसके बाद टीएमसी ने अजय पाल शर्मा पर हमले तेज कर दिए। यहां तक कि उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी इस पर सवाल उठाए। फिर भी, अजय पाल शर्मा को चुनाव के दिन अपनी जिम्मेदारियों से नहीं हटाया गया। इस कारण उनके नाम को लेकर कई अफवाहें फैल रही हैं।
क्या अजय पाल शर्मा को बंगाल में तैनात किया जाएगा?
सोशल मीडिया पर कई पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि अजय पाल शर्मा को अब पांच साल के लिए बंगाल में तैनात किया जाएगा। कुछ अकाउंट्स उनके नाम से चल रहे हैं, जिनमें ऐसी बातें लिखी गई हैं। एबीपी न्यूज के अनुसार, अजय पाल शर्मा ने इन फर्जी पोस्ट्स को खारिज किया है। उन्होंने बताया कि उनके नाम से किसी ने झूठा अकाउंट बनाया है और उनकी तस्वीरों का दुरुपयोग किया है।
IPS अधिकारियों की पोस्टिंग प्रक्रिया
यह जानना आवश्यक है कि भारतीय पुलिस सेवा (IPS) केंद्रीय गृह मंत्रालय के अधीन होती है। IPS अधिकारियों को काडर चुनने का अवसर दिया जाता है, जिससे वे किसी विशेष राज्य की पुलिस या केंद्रीय एजेंसी में काम कर सकते हैं। समय के साथ, इन्हें दूसरे काडर में डेप्युटेशन पर भेजा जा सकता है। उदाहरण के लिए, हाल ही में नागालैंड काडर की एक आईपीएस अधिकारी को बीपीआरडी में एसपी के रूप में तैनात किया गया।
अजय पाल शर्मा का करियर
अजय पाल शर्मा, जो 2011 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं, अब डीआईजी रैंक तक पहुंच चुके हैं। उन्हें 2017 में सिल्वर मेडल और 2025 में गोल्ड मेडल से सम्मानित किया गया। बंगाल में ऑब्जर्वर बनने से पहले, वे प्रयागराज पुलिस में असिस्टेंट कमिश्नर (लॉ एंड ऑर्डर) के पद पर कार्यरत थे।
अजय पाल शर्मा की पहचान
अजय पाल शर्मा 500 से अधिक एनकाउंटर के लिए जाने जाते हैं और अपने दबंग अंदाज के लिए प्रसिद्ध हैं। उन्होंने सहारनपुर से अपनी ट्रेनिंग शुरू की और विभिन्न जिलों में कार्य किया। जौनपुर में 22 महीने के कार्यकाल के दौरान उन्होंने 126 एनकाउंटर किए।
