क्रिकेट फाइनल की क्लोजिंग सेरेमनी में रिकी मार्टिन का जादू
धमाकेदार क्लोजिंग सेरेमनी का आयोजन
क्रिकेट के महाकुंभ का फाइनल मुकाबला जितना रोमांचक था, उससे कहीं अधिक शानदार थी इसकी क्लोजिंग सेरेमनी। भारत और न्यूज़ीलैंड के बीच खिताबी मुकाबले से पहले, दुनिया के सबसे बड़े क्रिकेट स्टेडियम में संगीत का ऐसा जादू बिखरा कि सवा लाख से ज्यादा दर्शक झूमने पर मजबूर हो गए। इस शाम का मुख्य आकर्षण ग्लोबल पॉप आइकन रिकी मार्टिन रहे, जिन्होंने अपनी अद्भुत ऊर्जा से अहमदाबाद को 'लैटिनो बीट्स' पर थिरकने पर मजबूर कर दिया।
सुखबीर और फाल्गुनी पाठक का शानदार प्रदर्शन
मार्टिन के साथ भारतीय गायक सुखबीर और फाल्गुनी पाठक ने भी दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। अहमदाबाद में भारत और न्यूजीलैंड के बीच फाइनल से पहले, इन तीनों गायकों ने मिलकर एक अद्भुत संगीत का माहौल तैयार किया। 'प्रिंस ऑफ भांगड़ा' के नाम से मशहूर सुखबीर ने अपने डांस ट्रूप के साथ अपने लोकप्रिय पंजाबी गाने 'ओ हो हो हो - ओ हो हो हो' सहित कई हिट गाने प्रस्तुत किए।
फाल्गुनी पाठक का पारंपरिक आगाज
कार्यक्रम की शुरुआत 'डांडिया क्वीन' फाल्गुनी पाठक ने की। जैसे ही उन्होंने गुजराती लोकगीतों और सदाबहार बॉलीवुड धुनों को गाया, पूरा स्टेडियम एक विशाल गरबा पंडाल में बदल गया। लगभग 50 पेशेवर डांसरों के साथ फाल्गुनी ने अहमदाबाद की मिट्टी की खुशबू को वैश्विक मंच पर बिखेर दिया। उनकी प्रस्तुति ने स्थानीय प्रशंसकों में वह जोश भर दिया जो केवल फाइनल जैसे बड़े मुकाबले में ही देखने को मिलता है।
सुखबीर का हाई-वोल्टेज जलवा
गुजराती मिठास के बाद बारी थी उत्तर भारत के जोशीले संगीत की। 'प्रिंस ऑफ भांगड़ा' के नाम से मशहूर सुखबीर ने अपने हिट गाने 'ओ हो हो हो' के साथ एंट्री ली। अपने सिग्नेचर स्टेप्स और धमाकेदार बीट्स के साथ सुखबीर ने दर्शकों को अपनी सीटों से उठने पर मजबूर कर दिया। उनके साथ आए भांगड़ा ट्रूप ने स्टेडियम की ऊर्जा को सातवें आसमान पर पहुँचा दिया।
