मंगलसूत्र का महत्व: काले मोती और सोने की भूमिका
मंगलसूत्र का पहनना हिंदू संस्कृति में सुहागिन महिलाओं के लिए एक महत्वपूर्ण परंपरा है। यह न केवल विवाह का प्रतीक है, बल्कि इसके पीछे गहरे ज्योतिषीय तर्क भी हैं। इस लेख में हम जानेंगे कि मंगलसूत्र में काले मोती और सोने का क्या महत्व है। काले मोती राहु ग्रह के दुष्प्रभाव को कम करने में मदद करते हैं, जबकि सोना वैवाहिक जीवन में सुख और समृद्धि लाने का प्रतीक है। जानें कैसे ये तत्व महिलाओं के स्वास्थ्य और आध्यात्मिकता को प्रभावित करते हैं।
| Feb 28, 2026, 17:16 IST
मंगलसूत्र का महत्व
हिंदू संस्कृति में सुहागिन महिलाओं के लिए मंगलसूत्र पहनना एक महत्वपूर्ण परंपरा है। यह न केवल विवाह का प्रतीक है, बल्कि इसका ज्योतिषीय महत्व भी है। मान्यता है कि मंगलसूत्र पहनने से महिलाओं को आध्यात्मिक और स्वास्थ्य संबंधी कई लाभ मिलते हैं। मंगलसूत्र की संरचना में काले और पीले रंग का विशेष महत्व होता है। इसे काले धागे पर काले और स्वर्ण मोतियों को पिरोकर बनाया जाता है। हालांकि, कुछ स्थानों पर केवल काले मोतियों से बना मंगलसूत्र भी पहना जाता है, जबकि हिंदू धर्म में काले रंग को अशुभ माना जाता है।
मंगलसूत्र में काले मोतियों का महत्व केवल सजावट तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे गहरे ज्योतिषीय तर्क भी हैं। इस लेख में हम जानेंगे कि मंगलसूत्र में काले मोती क्यों होते हैं और उनका क्या महत्व है।
सोने का महत्व मंगलसूत्र में
जानिए मंगलसूत्र में क्यों होता है सोना
सोना बृहस्पति ग्रह का प्रतीक माना जाता है। हिंदू धर्म में सोने को एक पवित्र धातु माना जाता है। इसलिए मंगलसूत्र में सोने का उपयोग किया जाता है ताकि गुरु ग्रह का शुभ प्रभाव वैवाहिक जीवन पर बना रहे। यह कुंडली में गुरु ग्रह की स्थिति को भी मजबूत करता है।
मंगलसूत्र में सोने का होना यह दर्शाता है कि वैवाहिक जीवन में सुख और समृद्धि बनी रहेगी। यह पति-पत्नी के रिश्ते की पवित्रता को भी दर्शाता है। इसके अलावा, मंगलसूत्र में सोने के होने से स्वास्थ्य लाभ भी होते हैं।
आयुर्वेद के अनुसार, मंगलसूत्र में मौजूद सोने का तत्व महिलाओं को तनाव से दूर रखता है। इसके अलावा, सोने में हीलिंग गुण होते हैं, जो महिलाओं को मानसिक और शारीरिक रोगों से राहत दिलाने में मदद करते हैं।
काले मोतियों का महत्व
जानिए मंगलसूत्र में क्यों होते हैं काले मोती
ज्योतिष के अनुसार, सोने को सीधे तौर पर नहीं पहनना चाहिए। इसे किसी अन्य धातु के साथ पहनना आवश्यक है, अन्यथा ग्रहों के विपरीत प्रभाव देखने को मिल सकते हैं। इसलिए मंगलसूत्र में सोने के साथ काले मोती भी होते हैं।
हालांकि काले रंग की वस्तुओं को पहनने से मना किया जाता है, लेकिन मंगलसूत्र में काले मोती शुभता का प्रतीक होते हैं। ज्योतिष के अनुसार, काले मोती राहु ग्रह के दुष्प्रभाव को कम करने में सहायक होते हैं और वैवाहिक जीवन पर शनि की बुरी दृष्टि को भी रोकते हैं।
इसके अलावा, काले मोती महादेव का प्रतीक भी माने जाते हैं। जब कोई सुहागिन काले मोतियों से बना मंगलसूत्र पहनती है, तो उसे और उसके पति को भगवान भोलेनाथ का आशीर्वाद प्राप्त होता है। इसलिए मंगलसूत्र में काले मोती का होना आवश्यक है।
