एलन मस्क की एक्स ने अवैध कंटेंट पर कसा शिकंजा, जानें नई नीति के बारे में
एक्स की नई नीति का उद्देश्य
नई दिल्ली: एलन मस्क की सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स ने अवैध और अश्लील सामग्री के खिलाफ सख्त कदम उठाने का निर्णय लिया है। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि जो भी उपयोगकर्ता गैरकानूनी, अश्लील या आपत्तिजनक सामग्री साझा करेगा, उनके अकाउंट को स्थायी रूप से निलंबित कर दिया जाएगा। इसके अलावा, AI टूल ग्रोक का उपयोग करके ऐसी सामग्री बनाने वालों पर भी यही कार्रवाई लागू होगी।
भारत सरकार की चेतावनी का असर
यह निर्णय भारत सरकार की कड़ी चेतावनी के बाद लिया गया है, जिसमें कंपनी को अवैध और आपत्तिजनक सामग्री को हटाने के निर्देश दिए गए थे। इसके परिणामस्वरूप, एक्स ने अपनी नीतियों को और अधिक सख्त करने का ऐलान किया है।
अवैध सामग्री पर एक्स की सख्त नीति
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, एक्स के ग्लोबल गवर्नमेंट अफेयर्स अकाउंट ने बताया है कि प्लेटफॉर्म पर किसी भी प्रकार की अवैध सामग्री को स्वीकार नहीं किया जाएगा, जिसमें बाल यौन शोषण से संबंधित सामग्री भी शामिल है। ऐसे मामलों में न केवल सामग्री को तुरंत हटाया जाएगा, बल्कि संबंधित अकाउंट्स को हमेशा के लिए निलंबित किया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर, एक्स स्थानीय सरकारों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ सहयोग भी करेगा।
We take action against illegal content on X, including Child Sexual Abuse Material (CSAM), by removing it, permanently suspending accounts, and working with local governments and law enforcement as necessary.
— Safety (@Safety) January 4, 2026
Anyone using or prompting Grok to make illegal content will suffer the… https://t.co/93kiIBTCYO
ग्रोक एआई के दुरुपयोग पर सख्त कार्रवाई
एलन मस्क ने स्पष्ट किया है कि ग्रोक एआई का उपयोग करके अवैध या आपत्तिजनक सामग्री बनाने वालों को भी वही दंड मिलेगा जो सीधे तौर पर ऐसा सामग्री पोस्ट करने वालों को मिलता है। उन्होंने कहा कि AI द्वारा बनाई गई गलत तस्वीरें या सामग्री भी कानून के तहत अपराध मानी जाती हैं। एक्स के अनुसार, ग्रोक से उत्पन्न सामग्री पर भी प्लेटफॉर्म की सभी नीतियां पूरी तरह लागू होंगी।
भारत सरकार का सख्त निर्देश
भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय ने 2 जनवरी को एक्स को निर्देश दिया था कि वह तुरंत सभी अश्लील, आपत्तिजनक और गैरकानूनी सामग्री को हटाए। विशेष रूप से ग्रोक एआई से बनाए गए कंटेंट पर कड़ी निगरानी रखने को कहा गया था। मंत्रालय ने एक्स से 72 घंटे के भीतर कार्रवाई की रिपोर्ट जमा करने का निर्देश भी दिया था और चेतावनी दी थी कि नियमों का पालन न करने पर कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
अश्लील सामग्री पर राजनीतिक दबाव
सरकार को शिकायतें मिली थीं कि एक्स पर महिलाओं की फर्जी और अश्लील तस्वीरें साझा की जा रही हैं। इस मुद्दे पर राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव को पत्र लिखकर हस्तक्षेप की मांग की थी। आदेश में कहा गया था कि ग्रोक एआई का उपयोग कर महिलाओं को अपमानित करने वाला कंटेंट बनाया जा रहा है, जो कानून का सीधा उल्लंघन है। इसके बाद एक्स पर दबाव बढ़ा और कंपनी ने सख्त कार्रवाई का ऐलान किया।
