TRAI का नया प्रस्ताव: सस्ते वॉइस और SMS प्लान लाने की तैयारी
नई दिल्ली में TRAI का महत्वपूर्ण कदम
नई दिल्ली: दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (TRAI) ने टेलीकॉम उपयोगकर्ताओं के हित में एक नया कदम उठाया है। TRAI ने टेलीकॉम कंज्यूमर प्रोटेक्शन रेगुलेशन (तेरहवां संशोधन) 2026 का ड्राफ्ट तैयार किया है। इस प्रस्ताव के अनुसार, सभी टेलीकॉम कंपनियों को सस्ते वॉइस और एसएमएस केवल प्लान पेश करने होंगे। इसका उद्देश्य उन करोड़ों उपयोगकर्ताओं को राहत प्रदान करना है, जो मुख्य रूप से कॉल और मैसेज का उपयोग करते हैं और डेटा का अधिक इस्तेमाल नहीं करते।
पिछले निर्देश का प्रभाव सीमित
पिछले साल दिसंबर 2024 में, TRAI ने टेलीकॉम कंपनियों को वॉइस और एसएमएस केवल प्लान लॉन्च करने का निर्देश दिया था। इसके बाद एयरटेल, जियो, वीआई और बीएसएनएल ने कुछ ऐसे प्लान पेश किए, लेकिन ये ज्यादातर लंबी वैलिडिटी (84 दिन या एक साल) के थे और डेटा वाले प्लान से केवल 100-200 रुपये सस्ते थे।
कई कंपनियों ने इन प्लानों के मुकाबले डेटा वाले प्लान भी बाजार में उतार दिए, जिससे उपयोगकर्ताओं को वास्तविक लाभ नहीं मिला। अधिकांश लोग महंगे डेटा प्लान ही खरीदते रहे। TRAI अब इस समस्या का समाधान करना चाहता है।
सस्ते वॉइस-एसएमएस विकल्प की अनिवार्यता
नए ड्राफ्ट में TRAI ने स्पष्ट किया है कि जहां भी कंपनियां वॉइस, एसएमएस और डेटा वाला स्पेशल टैरिफ वाउचर (STV) पेश करती हैं, वहां उसी वैलिडिटी पीरियड का एक वॉइस और एसएमएस केवल प्लान भी लाना होगा। यह नया प्लान काफी सस्ता होना चाहिए।
इसका मतलब है कि डेटा को हटाने के अनुसार कीमत में उचित छूट दी जाएगी। इससे फीचर फोन उपयोगकर्ताओं और उन लोगों को लाभ होगा, जो केवल कॉल और मैसेज के लिए मोबाइल का उपयोग करते हैं। TRAI का मानना है कि उपयोगकर्ताओं को अनचाहे डेटा बंडल खरीदने के लिए मजबूर नहीं किया जाना चाहिए।
पारदर्शिता और सुझाव आमंत्रित
TRAI ने कहा कि नए नियम से रिचार्ज प्लान में पारदर्शिता बढ़ेगी और उपयोगकर्ताओं को सही विकल्प मिलेगा। इस ड्राफ्ट पर टेलीकॉम कंपनियों, स्टेकहोल्डर्स और आम जनता से 28 अप्रैल 2026 तक सुझाव और टिप्पणियाँ मांगी गई हैं।
यह प्रस्ताव लागू होने के बाद Airtel, Jio, Vi और BSNL को सभी वैलिडिटी वाले प्लानों के साथ सस्ते वॉइस-एसएमएस केवल विकल्प प्रदान करना अनिवार्य हो जाएगा। इससे लाखों उपयोगकर्ताओं को बिना डेटा के सस्ती सेवाएं मिल सकेंगी। TRAI का यह कदम टेलीकॉम क्षेत्र में उपभोक्ता हितों की रक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है।
