बैक्टीरियल इन्फेक्शन और हार्ट अटैक का संबंध: नई रिसर्च से खुलासा
हाल ही में एक अध्ययन ने यह खुलासा किया है कि सामान्य बैक्टीरियल इन्फेक्शन भी हार्ट अटैक का कारण बन सकता है। इस रिसर्च में 20,000 से अधिक मरीजों का अध्ययन किया गया, जिसमें पाया गया कि जिन लोगों को हाल ही में बैक्टीरियल इन्फेक्शन हुआ था, उनमें हार्ट अटैक का खतरा बढ़ गया था। शोधकर्ताओं ने बताया कि इन्फेक्शन के कारण इम्यून सिस्टम सक्रिय होता है, जिससे सूजन बढ़ती है और रक्त के थक्के बनने का खतरा बढ़ जाता है। यह अध्ययन हमें यह याद दिलाता है कि किसी भी इन्फेक्शन को हल्के में नहीं लेना चाहिए।
Aug 28, 2025, 14:44 IST
| हार्ट अटैक के नए कारणों का पता
हाल ही में एक अध्ययन ने यह बताया है कि हार्ट अटैक का खतरा केवल हाई कोलेस्ट्रॉल, मोटापे या तनाव से नहीं, बल्कि सामान्य बैक्टीरियल इन्फेक्शन से भी बढ़ सकता है। इस रिसर्च में 20,000 से अधिक मरीजों को शामिल किया गया, जिन्हें हार्ट अटैक का सामना करना पड़ा। अध्ययन के परिणामों से पता चला कि हाल ही में बैक्टीरियल इन्फेक्शन से ग्रस्त लोगों में हार्ट अटैक का खतरा काफी अधिक था। यह अध्ययन 'अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन' के जर्नल में प्रकाशित हुआ है।शोधकर्ताओं के अनुसार, जब शरीर में बैक्टीरियल इन्फेक्शन होता है, तो इम्यून सिस्टम सक्रिय हो जाता है, जिससे सूजन (inflammation) बढ़ जाती है। यह सूजन रक्त को गाढ़ा कर सकती है और रक्त वाहिकाओं को संकुचित कर सकती है, जिससे रक्त के थक्के (blood clots) बनने का खतरा बढ़ जाता है। यदि ये थक्के दिल तक रक्त पहुंचाने वाली किसी धमनी में फंस जाएं, तो हार्ट अटैक हो सकता है।
यह अध्ययन हमें यह भी याद दिलाता है कि शरीर में होने वाले किसी भी इन्फेक्शन को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। चाहे वह यूरिन इन्फेक्शन हो, त्वचा का संक्रमण हो या फेफड़ों से संबंधित कोई समस्या, इनका सही समय पर और उचित इलाज कराना अत्यंत आवश्यक है, विशेषकर उन लोगों के लिए जिनके पास पहले से दिल की कोई समस्या है।