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2025 चुनावों के लिए सर्वे: NDA को मिल सकती है बहुमत से अधिक सीटें

हालिया चुनाव सर्वेक्षण में NDA को 2025 के चुनावों में बहुमत से अधिक सीटें मिलने की संभावना जताई गई है। भाजपा की स्थिति मजबूत है, लेकिन कांग्रेस के इंडिया गठबंधन को पिछड़ने का अनुमान है। जानें कैसे विधानसभा चुनावों में कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ा और आगामी चुनावों में राजनीतिक रणनीतियाँ क्या होंगी। यह सर्वे जनता की राय पर आधारित है और आगामी चुनावों की दिशा तय कर सकता है।
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2025 चुनावों के लिए सर्वे: NDA को मिल सकती है बहुमत से अधिक सीटें

भारतीय राजनीति में प्रमुख दलों की स्थिति

Elections Survey 2025 : भारत की राजनीतिक परिदृश्य में भारतीय जनता पार्टी (BJP) और कांग्रेस सबसे प्रमुख दल हैं। ये दोनों पार्टियाँ अपने-अपने गठबंधनों के साथ देश की राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। भाजपा राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) का नेतृत्व कर रही है, जबकि कांग्रेस इंडिया गठबंधन के माध्यम से विपक्ष को मजबूत बनाए रखने का प्रयास कर रही है। देश के विभिन्न राज्यों में इन दोनों दलों ने अपने सहयोगियों के साथ मिलकर सरकारें बनाई हैं।


भाजपा को झटका, फिर भी सरकार बनाने में सफल

आपको यह जानकर हैरानी होगी कि 2024 के लोकसभा चुनावों में भाजपा को एक बड़ा झटका लगा था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता के बावजूद, भाजपा को केवल 240 सीटें मिलीं, जो बहुमत के लिए आवश्यक 272 सीटों से कम थीं। फिर भी, भाजपा ने अपने सहयोगियों के साथ मिलकर NDA को 293 सीटों तक पहुँचाया और तीसरी बार केंद्र में सरकार बनाने में सफल रही। यह मोदी सरकार का तीसरा कार्यकाल बन गया।


इंडिया गठबंधन ने दी थी कड़ी टक्कर

2024 के आम चुनाव में भाजपा को चुनौती देने के लिए कांग्रेस के नेतृत्व में बना इंडिया गठबंधन काफी सक्रिय रहा। इस गठबंधन ने कुल 234 सीटों पर जीत हासिल की, जिससे भाजपा के लिए अकेले बहुमत प्राप्त करना कठिन हो गया। यह परिणाम दर्शाता है कि विपक्ष ने एकजुट होकर सत्ता पक्ष को चुनौती देने का प्रयास किया।


नई सर्वे रिपोर्ट में NDA को बढ़त का अनुमान

हाल ही में एक महत्वपूर्ण सर्वेक्षण सामने आया है, जिसमें जनता की ताज़ा राय को जानने का प्रयास किया गया। यह सर्वे देश के सभी लोकसभा क्षेत्रों में 2,06,826 लोगों से बातचीत के आधार पर तैयार किया गया है। इसके नतीजे चौंकाने वाले हैं। सर्वे के अनुसार, यदि अभी लोकसभा चुनाव कराए जाएं, तो NDA को 324 सीटें मिलने की संभावना है, जो स्पष्ट बहुमत से कहीं अधिक है।


इंडिया गठबंधन को पिछड़ने का अनुमान

इस सर्वे में इंडिया गठबंधन की स्थिति थोड़ी कमजोर नजर आ रही है। 2024 में 234 सीटें जीतने वाला यह गठबंधन अब घटकर 208 सीटों पर सिमट सकता है। यह गिरावट विपक्ष के लिए एक झटका मानी जा रही है, खासकर तब जब देश के कुछ हिस्सों में उन्हें पहले जनता का अच्छा समर्थन मिला था।


विधानसभा चुनावों में कांग्रेस को करना पड़ा हार का सामना

लोकसभा में भाजपा को घेरने में सफल रहने के बावजूद, विधानसभा चुनावों में कांग्रेस और इंडिया गठबंधन को अपेक्षित सफलता नहीं मिली। हरियाणा, महाराष्ट्र और दिल्ली जैसे राज्यों में हुए चुनावों में विपक्षी गठबंधन को हार का सामना करना पड़ा। इससे यह स्पष्ट होता है कि राष्ट्रीय और राज्य स्तर की राजनीति में मतदाताओं का रुझान अलग-अलग हो सकता है।


भाजपा आगे, पर बहुमत से दूर

यदि केवल पार्टी स्तर पर देखा जाए तो सर्वे के अनुसार, भाजपा को अकेले 260 सीटें मिलने का अनुमान है। यह आंकड़ा पार्टी को सबसे बड़ी शक्ति बनाता है, लेकिन फिर भी यह अपने बलबूते बहुमत पाने के लिए आवश्यक 272 सीटों से पीछे रह सकती है। दूसरी ओर, कांग्रेस को केवल 97 सीटें मिलने की संभावना जताई गई है, जो विपक्ष के लिए निराशाजनक आंकड़ा है।


वोट शेयर में भी NDA को बढ़त

इस सर्वे के अनुसार, एनडीए का वोट शेयर 46.7% तक पहुँच सकता है, जो कि 2024 के आम चुनावों में मिले 44% वोट शेयर से कहीं अधिक है। दूसरी ओर, इंडिया गठबंधन का वोट शेयर 40.9% तक सीमित रह सकता है। यह अंतर यह बताने के लिए काफी है कि जनता का झुकाव अभी भी एनडीए की ओर बना हुआ है, हालांकि कांग्रेस और उसके सहयोगी दल अभी भी चुनौती बने हुए हैं।


2024 के बाद अब भी NDA मजबूत स्थिति में

इस सर्वे के नतीजे यह संकेत देते हैं कि एनडीए फिलहाल देश की सबसे मज़बूत राजनीतिक शक्ति बनी हुई है। हालांकि, भाजपा अभी भी अपने बल पर बहुमत से कुछ कदम दूर दिख रही है। विपक्ष ने 2024 में जिस ताकत के साथ वापसी की थी, उसे अब स्थायी रूप से बनाए रखना एक चुनौती बनता जा रहा है। आने वाले महीनों में राजनीतिक रणनीतियाँ, जनभावनाएँ और गठबंधनों की दिशा तय करेगी कि अगले आम चुनावों में किसका पलड़ा भारी रहेगा।