भारत ने गैस सप्लाई बढ़ाने के लिए उठाए महत्वपूर्ण कदम
मिडिल ईस्ट में युद्ध के बीच गैस सप्लाई की स्थिति
मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष के कारण होर्मुज स्ट्रेट अभी भी बंद है, जिससे वैश्विक ऊर्जा संकट गहरा गया है। इस स्थिति में, भारत सरकार ने फर्टिलाइजर कंपनियों के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। 6 अप्रैल से, सरकारी फर्टिलाइजर प्लांट्स को उनकी छह महीने की औसत खपत का 90 प्रतिशत गैस सप्लाई बढ़ा दी गई है। यह जानकारी पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की जॉइंट सेक्रेटरी सुजाता शर्मा ने साझा की।
गैस की उपलब्धता में सुधार
सुजाता शर्मा ने बताया कि यह निर्णय तब लिया गया जब तेल कंपनियों ने बाजार से लिक्विफाइड नेचुरल गैस (LNG) की खरीद की। मिडिल ईस्ट में युद्ध के कारण खाड़ी देशों से गैस और कच्चे तेल की आपूर्ति में बाधा आई है, जिसके चलते सरकार ने पहले फर्टिलाइजर (यूरिया) प्लांट्स को गैस सप्लाई को 60 प्रतिशत तक सीमित कर दिया था, जिसे बाद में 75-80 प्रतिशत तक बढ़ा दिया गया।
LNG की सप्लाई में कमी
कतर जैसे खाड़ी देशों से LNG की सप्लाई में कमी आई है। इस समस्या का समाधान करने के लिए भारतीय कंपनियां अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और रूस से LNG खरीद रही हैं।
गैस सप्लाई में वृद्धि
सुजाता शर्मा ने कहा कि इन उपायों के कारण देश में गैस की सप्लाई में वृद्धि हुई है। विभिन्न सेक्टर्स के लिए सरकार ने कोटा बढ़ा दिया है। उन्होंने बताया कि सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) नेटवर्क और अन्य औद्योगिक तथा वाणिज्यिक सेक्टर को गैस सप्लाई में सोमवार से 10 प्रतिशत की वृद्धि की जाएगी।
एलपीजी सप्लाई पर प्रभाव
उन्होंने यह भी बताया कि खाड़ी देशों से कुकिंग गैस यानी एलपीजी की सप्लाई प्रभावित हो रही है। हालांकि, खाना पकाने के लिए गैस की सप्लाई सामान्य रूप से जारी है। सुजाता शर्मा ने कहा, 'वर्तमान जियोपॉलिटिकल हालात के कारण एलपीजी सप्लाई पर असर पड़ रहा है, लेकिन एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटरशिप में किसी कमी की सूचना नहीं है।'
घरेलू गैस सिलेंडर की डिलीवरी
उन्होंने यह भी बताया कि घरेलू गैस सिलेंडर की डिलीवरी सामान्य रूप से चल रही है। 1 मार्च 2026 तक, 18 करोड़ से अधिक सिलेंडर घरों में वितरित किए जा चुके हैं। इसके अलावा, होटलों और रेस्टोरेंट में उपयोग होने वाली कमर्शियल एलपीजी का राज्यों का कोटा, गैस संकट से पहले के स्तर का लगभग 70 प्रतिशत बढ़ा दिया गया है।
