ED का बड़ा ऑपरेशन: 15 शहरों में नौकरी घोटाले की छापेमारी
प्रवर्तन निदेशालय की कार्रवाई
नई दिल्ली: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गुरुवार की सुबह से देशभर में एक विशाल ऑपरेशन शुरू किया है, जिससे हड़कंप मच गया है। सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर चल रहे एक बड़े घोटाले की जांच के तहत, जांच एजेंसी ने 6 राज्यों के 15 शहरों में एक साथ छापेमारी की है। यह कार्रवाई उस संगठित गिरोह के खिलाफ की जा रही है, जो भारतीय रेलवे और डाक विभाग सहित लगभग 40 सरकारी विभागों में नौकरी दिलाने का झांसा देकर लोगों को ठग रहा था। ईडी के निशाने पर वे मास्टरमाइंड हैं, जो फर्जी नियुक्ति पत्र और कॉल लेटर जारी कर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी कर रहे थे।
जांच में इस गिरोह के काम करने के बेहद चालाक तरीके का खुलासा हुआ है। ठगों ने रेलवे, वन विभाग, टैक्स डिपार्टमेंट, हाई कोर्ट, पीडब्ल्यूडी, बिहार सरकार और राजस्थान सचिवालय जैसे विभागों के नाम से फर्जी ईमेल आईडी बनाई थीं, जो देखने में पूरी तरह से आधिकारिक लगती थीं। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि शिकार का भरोसा जीतने के लिए यह गैंग शुरुआत में 2 से 3 महीने तक पीड़ितों के बैंक खातों में 'सैलरी' के रूप में पैसे भी भेजता था। आरपीएफ, टीटीई और टेक्नीशियन जैसे पदों के लिए यह खेल चल रहा था, जिससे लोग आसानी से इनके जाल में फंस जाते थे।
फिलहाल, ईडी की टीमें उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, गुजरात और केरल में सघन तलाशी ले रही हैं। उत्तर प्रदेश में गोरखपुर के 2 स्थानों के अलावा इलाहाबाद और लखनऊ में 1-1 जगह रेड की गई है। वहीं, बिहार के मुजफ्फरपुर में एक और मोतिहारी में दो जगहों पर कार्रवाई जारी है। इसके अलावा, पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में 2 ठिकानों, चेन्नई, राजकोट और केरल के 4 शहरों में भी ईडी के अधिकारी दस्तावेजों की जांच कर रहे हैं ताकि इस पूरे सिंडिकेट की जड़ों को खोदा जा सके।
