अंबाला-चंडीगढ़ ग्रीनफील्ड हाईवे: सफर होगा तेज और आसान
अंबाला-चंडीगढ़ हाईवे का नया अपडेट
अंबाला-चंडीगढ़ ग्रीनफील्ड हाईवे, जो लंबे समय से चर्चा का विषय रहा है, अब एक महत्वपूर्ण अपडेट के साथ सामने आया है। प्रशासन ने इस हाईवे के लिए स्पीड नोटिफिकेशन जारी कर दिया है, जिससे इस मार्ग पर यात्रा करना पहले से कहीं अधिक तेज और सुविधाजनक हो जाएगा। इस बीच, मोहाली-कुराली बायपास का एक हिस्सा आम जनता के लिए खोल दिया गया है। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने के बाद, पंजाब, हिमाचल और जम्मू-कश्मीर से दिल्ली जाने वाले यात्रियों के लिए यात्रा करना आसान हो जाएगा.
हाईवे का महत्व
यह हाईवे केंद्र सरकार द्वारा विकसित किया जा रहा है। रिपोर्टों के अनुसार, जब यह हाईवे पूरी तरह से चालू हो जाएगा, तो लोग अंबाला से चंडीगढ़ तक का सफर लगभग 40-50 मिनट में पूरा कर सकेंगे। पहले, इस मार्ग पर भारी ट्रैफिक और पुराने हाईवे के कारण यात्रियों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था, विशेषकर ऑफिस के समय में लंबा जाम लगना आम बात थी.
काम पूरा होने की उम्मीद
इस सड़क के कुछ हिस्से का निर्माण अभी बाकी है। इसके लिए मोहाली के डेराबस्सी क्षेत्र में भूमि अधिग्रहण की नई अधिसूचना जारी की गई है। यह भूमि 5 से 25 किलोमीटर तक सड़क निर्माण के लिए उपयोग की जाएगी। रिपोर्ट्स में कहा गया है कि सरकार का लक्ष्य इस प्रोजेक्ट को इसी वर्ष के अंत तक पूरा करने का है.
यात्रियों को मिलेगी राहत
अंबाला-चंडीगढ़ मार्ग हरियाणा और पंजाब के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रतिदिन हजारों लोग नौकरी, व्यापार और अन्य कार्यों के लिए इस मार्ग का उपयोग करते हैं। ग्रीनफील्ड हाईवे के शुरू होने से रोजाना यात्रा करने वाले लोगों को सबसे अधिक राहत मिलेगी। अनुमान है कि इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से लगभग 80,000 वाहनों को सीधा लाभ होगा. प्रशासन का कहना है कि हाईवे को इस तरह से डिजाइन किया गया है कि वाहन बिना शहर के ट्रैफिक में फंसे सीधे तेज गति से यात्रा कर सकें.
दिल्ली की यात्रा में कमी
इस हाईवे का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि दिल्ली-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा। अंबाला और जीरकपुर के आसपास अक्सर भारी जाम की स्थिति बनी रहती है। शाम के समय इस मार्ग पर लोग घंटों तक फंसे रहते हैं। छुट्टियों और वीकेंड पर स्थिति और भी खराब हो जाती है। इस मार्ग से पंजाब, हरियाणा, हिमाचल और जम्मू-कश्मीर के लोग दिल्ली जाते हैं, जिससे इस मार्ग पर अधिक दबाव होता है. ग्रीनफील्ड हाईवे के निर्माण के बाद लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है.
ट्राइसिटी के लिए महत्वपूर्ण
इस हाईवे को ट्राईसिटी रिंग रोड योजना के तहत 2020-21 में मंजूरी दी गई थी। ट्राइसिटी में चंडीगढ़, पंचकूला और मोहाली शामिल हैं। इस हाईवे से इन तीन शहरों के साथ-साथ अंबाला को भी काफी लाभ होगा। इसे हरियाणा और चंडीगढ़ के लिए एक बड़ा इंफ्रास्ट्रक्चर अपडेट माना जा रहा है। अंबाला, पंचकूला, चंडीगढ़ और आसपास के क्षेत्रों के निवासियों के लिए यह हाईवे एक गेमचेंजर साबित हो सकता है.
