अमेरिका ने ईरानी मालवाहक जहाज को रोका, ईरान ने किया ड्रोन हमला
अमेरिकी बलों की कार्रवाई
न्यूयॉर्क/तेहरान : अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जानकारी दी है कि अमेरिकी नौसेना ने ओमान की खाड़ी में एक ईरानी झंडे वाले मालवाहक जहाज को रोक लिया है, जो नाकेबंदी को पार करने का प्रयास कर रहा था।
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म पर लिखा, "टाउसका नामक यह ईरानी जहाज, जिसकी लंबाई लगभग 900 फीट है और वजन एक विमानवाहक पोत के बराबर है, हमारी नाकेबंदी को पार करने की कोशिश कर रहा था, और यह उनके लिए अच्छा नहीं रहा।"
उन्होंने बताया कि एक अमेरिकी विध्वंसक ने ओमान की खाड़ी में टाउसका को रोका और उन्हें रुकने की चेतावनी दी। "ईरानी चालक दल ने चेतावनी का पालन नहीं किया, इसलिए हमारी नौसेना ने जहाज के इंजन कक्ष में छेद कर दिया और इसे वहीं रोक दिया। वर्तमान में यह जहाज अमेरिकी मरीन के नियंत्रण में है।"
ईरान की प्रतिक्रिया
इस घटना के जवाब में, ईरान ने अमेरिकी जहाजों पर ड्रोन हमले का दावा किया है। ईरान ने कहा कि होर्मुज की सुरक्षा मुफ्त नहीं है और यदि ईरान के तेल निर्यात पर रोक लगाई गई, तो इसका प्रभाव पूरी दुनिया पर पड़ेगा।
ईरान ने यह भी स्पष्ट किया है कि उसने ड्रोन के माध्यम से अमेरिकी नौसेना के जंगी जहाजों को निशाना बनाया। यह कार्रवाई अमेरिका द्वारा ईरान के कार्गो जहाज पर हमले के बाद की गई। होर्मुज से जहाजों की आवाजाही एक बार फिर रुकने से वैश्विक तेल बाजार में हलचल मच गई है।
ईरान ने संकेत दिए हैं कि यदि अमेरिका अपने आर्थिक और सैन्य दबाव को नहीं हटाता है, तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। ईरान ने कहा है कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज तभी खुलेगा जब अमेरिका अपनी नाकाबंदी समाप्त करेगा और अपनी सेना को वहां से हटाएगा। इस बीच, ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत के दूसरे दौर के लिए कूटनीतिक प्रयास जारी हैं।
