ईडी की छापेमारी: टीएमसी आईटी सेल प्रमुख के घर और कार्यालय पर कार्रवाई
ईडी की छापेमारी का विवरण
पश्चिम बंगाल के कोलकाता में, इन्फोर्समेंट डायरेक्टरेट (ईडी) ने गुरुवार को 6 स्थानों पर छापेमारी की, जिसमें दिल्ली में 4 ठिकाने भी शामिल हैं। इस कार्रवाई का मुख्य लक्ष्य मनी लॉन्ड्रिंग से संबंधित मामलों की जांच करना है। कोलकाता में राजनीतिक सलाहकार फर्म आई-पीएसी के कार्यालय और उसके निदेशक प्रतीक जैन के निवास पर भी छापे मारे गए। यह कार्रवाई सुबह 6 बजे शुरू हुई और लगभग 11:30 बजे तक बढ़ती रही।
ममता बनर्जी की प्रतिक्रिया
कोलकाता पुलिस कमिश्नर पहले प्रतीक जैन के घर पहुंचे, जिसके बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी वहां पहुंचीं। उन्होंने कुछ समय वहां बिताया और जब बाहर आईं, तो उनके हाथ में एक हरी फाइल थी। ममता ने आरोप लगाया कि गृहमंत्री उनके पार्टी के दस्तावेजों को जब्त कर रहे हैं।
ईडी का स्पष्टीकरण
ईडी ने कहा कि यह छापेमारी पूरी तरह से सबूतों के आधार पर की जा रही है और यह किसी राजनीतिक दल या चुनाव से संबंधित नहीं है। यह कार्रवाई अवैध कोयला तस्करी और मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामलों में की जा रही है। वर्तमान में 10 स्थानों पर तलाशी जारी है, जिनमें 6 पश्चिम बंगाल और 4 दिल्ली में हैं।
संवैधानिक हस्तक्षेप का आरोप
एजेंसी ने बताया कि जांच में कैश जनरेशन और हवाला ट्रांसफर से जुड़े परिसर शामिल हैं। ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि कुछ संवैधानिक पदों पर बैठे लोग अवैध रूप से दखल दे रहे हैं और दस्तावेज छीन रहे हैं।
ममता का बयान
सीएम ममता ने कहा कि क्या ईडी और गृहमंत्री का काम पार्टी के दस्तावेजों को जब्त करना है? उन्होंने कहा कि यह एक घटिया गृह मंत्री है जो देश की सुरक्षा में असफल है। उन्होंने यह भी कहा कि अगर केंद्र सरकार उनसे लड़ नहीं सकती, तो उन्हें बंगाल में आने की आवश्यकता नहीं है।
बीजेपी की प्रतिक्रिया
बीजेपी नेता सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि वह छापेमारी पर टिप्पणी नहीं करेंगे, लेकिन ममता बनर्जी पर आरोप लगाया कि उन्होंने केंद्रीय एजेंसियों के काम में हस्तक्षेप किया है। उन्होंने कहा कि ममता ने जो किया, वह जांच में बाधा डालना था।
