ईरान अमेरिका की शर्तों को मानने के लिए तैयार: ट्रंप का बयान
ईरान के पास विकल्प नहीं: ट्रंप
वॉशिंगटन: अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए जा रहे हमलों का आज 29वां दिन है। इस दौरान, दोनों देशों ने ईरान पर हजारों बम और मिसाइलें गिराई हैं, जिससे हजारों लोगों की जान गई है और कई शहरों को नुकसान पहुंचा है। ईरान ने भी इन हमलों का जवाब दिया है। इसी बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा है कि ईरान अब बातचीत के लिए तैयार है। ट्रंप ने कहा कि ईरान के पास अब कोई विकल्प नहीं बचा है।
पश्चिम एशिया में ईरान का खतरा समाप्त
ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका ने पश्चिम एशिया में ईरान के खतरे को समाप्त कर दिया है। उन्होंने अमेरिकी सेना की ताकत का जिक्र करते हुए कहा कि हमारे पास ऐसे हथियार हैं जो पहले कभी नहीं देखे गए। ट्रंप ने कहा कि ईरान पिछले 47 वर्षों से दबंग देश था, लेकिन अब वह डर के कारण पीछे हट रहा है।
हमले की जानकारी
ट्रंप ने बताया कि हाल ही में अमेरिका के सबसे बड़े एयरक्राफ्ट कैरियर पर 101 मिसाइलों का हमला हुआ था, लेकिन सभी को रोक दिया गया। उन्होंने कहा कि अमेरिका अब केवल निर्धारित लक्ष्यों पर हमला कर रहा है। दुश्मन के पास कोई एंटी-एयरक्राफ्ट सिस्टम नहीं है, जिससे अमेरिकी जहाज आसानी से अपने लक्ष्यों को निशाना बना सकते हैं।
सुलैमानी का प्रभाव
ट्रंप ने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि उन्होंने अपने पहले कार्यकाल में ईरानी जनरल कासिम सुलैमानी को मारने का निर्णय लिया था। उन्होंने कहा कि सुलैमानी बहुत शक्तिशाली और खतरनाक था, और उसकी मौत से ईरान के नेतृत्व को बड़ा झटका लगा। ट्रंप ने इसे ईरान की ताकत को कमजोर करने का एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
