ईरान और अमेरिका के बीच युद्धविराम: होर्मुज की खाड़ी खुली
युद्धविराम की घोषणा
नई दिल्ली। अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान पर हमले रोक दिए गए हैं, और ईरान ने भी इजराइल तथा खाड़ी के अन्य देशों पर हमले बंद कर दिए हैं। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से ईरान की सभ्यता को मिटाने की धमकी की समय सीमा समाप्त होने के बाद, दोनों देशों के बीच युद्धविराम की घोषणा की गई। ट्रंप ने मंगलवार रात को ईरान पर दो हफ्ते के लिए हमले रोकने का ऐलान किया। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल पर बताया कि ईरान ने होर्मुज की खाड़ी को तुरंत खोलने की शर्त पर बमबारी और हमले दो हफ्ते के लिए स्थगित करने पर सहमति जताई है।
बातचीत की तैयारी
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और सेना प्रमुख आसिम मुनीर की अपीलों का उल्लेख करते हुए, ट्रंप ने कहा कि इन दोनों के प्रयासों के बाद यह निर्णय लिया गया। युद्धविराम के साथ ही बातचीत की प्रक्रिया शुरू हो गई है। ट्रंप ने बताया कि उन्हें ईरान से 10 सूत्री प्रस्ताव प्राप्त हुआ है, जिसमें पहले सभी हमले रोकने का प्रस्ताव है। इसके बाद सभी पाबंदियों को हटाने, जब्त की गई संपत्तियों को लौटाने और स्थायी युद्धविराम के प्रस्ताव शामिल हैं।
ईरान की प्रतिक्रिया
राष्ट्रपति ट्रंप के बाद, ईरान ने भी युद्धविराम की पुष्टि की। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने एक पोस्ट में युद्धविराम की घोषणा की, जिसे ट्रंप ने भी साझा किया। ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल ने बताया कि आगे की बातचीत 11 अप्रैल को पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में होगी। ईरान ने दो हफ्ते के लिए होर्मुज की खाड़ी खोलने की जानकारी दी और अपने नागरिकों से कहा कि इस दौरान राष्ट्रीय एकता बनाए रखें।
सुरक्षा उपाय जारी
युद्धविराम की घोषणा के बाद, अमेरिका ने ईरान के खिलाफ सभी सैनिक अभियानों को रोक दिया है, हालांकि डिफेंसिव ऑपरेशन और सुरक्षा उपाय जारी रहेंगे। सीजफायर समझौते के बाद, ईरान ने भी हमले रोकने का आदेश दिया है। ट्रंप की ओर से सीजफायर की घोषणा के लगभग दो घंटे बाद, ईरान के सुप्रीम लीडर ने सभी सैन्य इकाइयों को फायरिंग रोकने का निर्देश दिया। ईरान के सरकारी न्यूज चैनल आईआरआईबी पर पढ़े गए बयान में कहा गया कि सभी सैन्य शाखाएं सुप्रीम लीडर के निर्देशों का पालन करें।
आर्थिक प्रभाव
अमेरिका और ईरान के बीच हुए युद्धविराम के तहत, अगले दो हफ्ते तक होर्मुज की खाड़ी खुली रहेगी। ईरान के विदेश मंत्री ने कहा है कि इस दौरान जहाजों की सुरक्षित आवाजाही ईरानी सेना की मदद से सुनिश्चित की जाएगी। होर्मुज की खाड़ी से गुजरने वाले टैंकर और जहाज अब भी ईरान की निगरानी में रहेंगे। युद्ध के दौरान इस समुद्री मार्ग पर शिपिंग लगभग ठप हो गई थी, लेकिन अब इसके खुलने से सप्लाई सामान्य होने की उम्मीद है। होर्मुज खोलने के फैसले का असर बाजारों पर भी दिखा है, जिससे तेल की कीमतों में 15 फीसदी से अधिक की गिरावट आई है।
