ईरान के आईआरजीसी प्रवक्ता की इजरायली हमले में मौत, क्षेत्र में बढ़ा तनाव
ईरान के आईआरजीसी प्रवक्ता की मौत
इजरायल डिफेंस फोर्स (आईडीएफ) ने शुक्रवार को जानकारी दी कि ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के प्रवक्ता अली मोहम्मद नैनी की इजरायली हमले में मृत्यु हो गई है।
आईडीएफ के बयान के अनुसार, नैनी ने आईआरजीसी में प्रचार और जनसंपर्क से संबंधित कई महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई थीं। इजरायली सेना ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर साझा करते हुए बताया कि नैनी पिछले दो वर्षों से आईआरजीसी के मुख्य प्रचारक के रूप में कार्यरत थे और मध्य-पूर्व में उनके सहयोगी संगठनों के माध्यम से 'आतंकी प्रोपेगैंडा' फैलाने में संलग्न थे।
ईरान की प्रतिक्रिया
आईआरजीसी ने नैनी की मौत की पुष्टि करते हुए इसे 'रमजान के अंतिम घंटों में अमेरिका-इजरायल के आतंकी हमले' में हुई शहादत बताया। ईरानी मीडिया ने इस हमले को 'राज्य प्रायोजित कायराना आतंकवाद' करार देते हुए जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
अन्य लक्षित हमले
इससे पहले, आईडीएफ ने दावा किया था कि ईरान के खुफिया मंत्री इस्माइल खतिब को भी तेहरान में एक लक्षित हवाई हमले में मार दिया गया। आईडीएफ के अनुसार, खतिब ने ईरान में हालिया प्रदर्शनों के दौरान कार्रवाई और विदेशों में इजरायली और अमेरिकी नागरिकों के खिलाफ गतिविधियों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
इसी तरह, मंगलवार को इजरायल ने ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव अली लारिजानी को भी मार गिराने का दावा किया था। लारिजानी को ईरानी नेतृत्व का एक प्रमुख चेहरा माना जाता था। ईरानी मीडिया ने 17 मार्च को तेहरान में हुए हवाई हमले में लारिजानी और उनके बेटे की मौत की पुष्टि की थी।
आईडीएफ ने बसीज यूनिट के कमांडर गुलामरेज़ा सुलेमानी के मारे जाने का भी दावा किया है। इजरायल के अनुसार, उनके नेतृत्व में बसीज बल ने ईरान में विरोध प्रदर्शनों को दबाने के लिए कठोर कदम उठाए थे।
क्षेत्र में बढ़ता तनाव
इन घटनाओं के बाद क्षेत्र में तनाव और बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।
