ऑस्ट्रेलिया से 15 भारतीय नागरिकों की डिपोर्टेशन, पंजाब के सीएम करेंगे स्वागत
डिपोर्टेशन की प्रक्रिया
चंडीगढ़ - ऑस्ट्रेलिया से 15 भारतीय नागरिकों को वापस भारत भेजा जा रहा है। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने जानकारी दी कि इनमें से 11 लोग पंजाब के निवासी हैं, जिनमें एक महिला भी शामिल है। सभी के दिल्ली पहुंचने की संभावना रात में है, और सीएम खुद उनका स्वागत करने के लिए राजधानी जा रहे हैं।
राज्यों का विवरण
कई राज्यों के नागरिक शामिल
सीएम ने बताया कि प्राप्त सूची में कुल 15 व्यक्तियों के नाम हैं, जिनमें 11 पंजाब, 2 तेलंगाना, 1 हरियाणा और 1 उत्तराखंड से हैं। वर्तमान में सूची में केवल संबंधित राज्यों की जानकारी उपलब्ध है।
जांच की प्रक्रिया
डिपोर्टेशन के बाद होगी जांच
भगवंत मान ने कहा कि लौटने वाले व्यक्तियों से पूरी जानकारी ली जाएगी, जिसमें उनके दस्तावेज कैसे बने, किन एजेंटों के माध्यम से वे विदेश गए और किन परिस्थितियों में उन्हें डिपोर्ट किया गया, शामिल हैं। यदि आवश्यक हुआ, तो विदेश मंत्रालय से भी संपर्क किया जाएगा। सरकार इस मामले की गहराई से जांच करेगी।
सरकार का सहयोग
‘दुख झेलकर लौटे हैं, साथ देंगे’
सीएम ने कहा कि ये लोग डिपोर्टेशन की कठिनाइयों का सामना कर लौट रहे हैं, इसलिए सरकार उनकी सहायता करेगी और आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध कराएगी। उन्होंने कहा, “अगर बच्चा गलती करता है तो उसे घर से नहीं निकाला जाता, बल्कि समझाया जाता है। ये हमारे अपने लोग हैं।”
कानूनी कार्रवाई
विदेश में नियम तोड़ने पर कार्रवाई तय
उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि कुछ व्यक्तियों पर विदेश में आपराधिक मामले दर्ज हुए हैं। सीएम ने कहा कि किसी भी देश में कानून तोड़ने पर कार्रवाई होना स्वाभाविक है और इसे समझना चाहिए।
एजेंटों की भूमिका
एजेंटों की भूमिका की होगी जांच
सरकार यह भी जांच करेगी कि क्या लोग किसी एजेंट के धोखे में तो नहीं आए। सीएम ने कहा कि हर व्यक्ति बेहतर भविष्य के सपने लेकर विदेश जाता है, लेकिन गलत रास्ते चुनने पर समस्याएं उत्पन्न हो जाती हैं।
रोजगार के अवसर
पंजाब में रोजगार बढ़ाने पर जोर
भगवंत मान ने आशा व्यक्त की कि भविष्य में ऐसी स्थिति न आए और राज्य में रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध हों, ताकि युवाओं को विदेश जाने के लिए मजबूर न होना पड़े। उन्होंने कहा, “ये हमारे ही बेटे-बेटियां हैं, भले ही नाराज़ होकर गए हों, लेकिन हैं अपने ही।”
