चेन्नई में अन्ना यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर की यौन उत्पीड़न के आरोप में गिरफ्तारी
यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोप
चेन्नई: अन्ना यूनिवर्सिटी के एक वरिष्ठ प्रोफेसर को पुलिस ने यौन उत्पीड़न और एक छात्रा का पीछा करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। फाइनल ईयर की एक छात्रा ने इस मामले में गंभीर आरोप लगाए हैं और उसने चेन्नई पुलिस कमिश्नर के कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई। छात्रा का कहना है कि प्रोफेसर ज्ञानवेल बाबू पिछले तीन वर्षों से उसे परेशान कर रहे हैं।
छात्रा के आरोपों का विवरण
छात्रा ने बताया कि यह उत्पीड़न उसके सेकेंड ईयर में शुरू हुआ, जब प्रोफेसर को उसके परिवार की आर्थिक समस्याओं का पता चला। उन्होंने उसे इंटर्नशिप दिलाने का प्रस्ताव दिया, लेकिन इसके बाद बार-बार फोन करने लगे। इसके अलावा, उन्होंने अश्लील मैसेज भेजने के साथ-साथ पैसे देने का भी प्रस्ताव रखा।
अश्लील बातचीत और पीछा करने की घटनाएं
इनरवियर और पीरियड्स पर चर्चा:
छात्रा ने आरोप लगाया कि थर्ड ईयर में प्रोफेसर की हरकतें और बढ़ गईं। वह उसके इनरवियर और पीरियड साइकिल के बारे में बात करते थे और शादी के विषय पर भी चर्चा करते थे। जब छात्रा ने उनका नंबर ब्लॉक किया, तब भी वह दोस्तों के माध्यम से उससे संपर्क करने की कोशिश करते रहे।
जांच और गिरफ्तारी
छात्रा ने सबसे पहले POSH नियमों के तहत यूनिवर्सिटी की आंतरिक शिकायत समिति से संपर्क किया। उसने सुरक्षित जांच की मांग की है ताकि अन्य लड़कियां भी अपनी आवाज उठा सकें। पुलिस के अनुसार, चार अन्य छात्राएं भी इस मामले में शिकायत लेकर आई हैं।
प्रोफेसर की गिरफ्तारी और निलंबन:
इन शिकायतों के आधार पर, पुलिस ने तमिलनाडु महिला उत्पीड़न निषेध अधिनियम, 1998 और भारतीय दंड संहिता की धारा 78 के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस की विशेष टीम ने शुक्रवार शाम को तिरुनेलवेली से प्रोफेसर ज्ञानवेल बाबू को गिरफ्तार किया और उन्हें पूछताछ के लिए चेन्नई ले जाया जा रहा है। शिकायत और छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बाद, अन्ना यूनिवर्सिटी ने तुरंत प्रोफेसर को निलंबित कर दिया।
