जम्मू-कश्मीर में नियंत्रण रेखा के पास संदिग्ध गुब्बारे मिले, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
संदिग्ध गतिविधियों का पता चला
अखनूर: जम्मू-कश्मीर में नियंत्रण रेखा (LoC) के निकट एक बार फिर पाकिस्तान की संदिग्ध गतिविधियों का पता चला है। अखनूर सेक्टर में सीमा के करीब दो संदिग्ध गुब्बारे पाए गए हैं, जिन पर अमेरिकी और पाकिस्तानी मुद्रा चिपकी हुई थी। इस घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियां और जम्मू-कश्मीर पुलिस पूरी तरह से सतर्क हो गई हैं और क्षेत्र में गहन चेकिंग अभियान शुरू कर दिया है।
गुब्बारे और संदिग्ध सामग्री
पुलिस के अनुसार, ये गुब्बारे खोर पुलिस स्टेशन के अंतर्गत गुनारा गांव के सीमावर्ती क्षेत्र में मिले हैं। सफेद और लाल रंग के ये गुब्बारे हवाई जहाज के आकार के हैं और इन पर पाकिस्तान से संबंधित मार्किंग की गई है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इन गुब्बारों के साथ पांच हजार रुपये का एक पाकिस्तानी नोट, एक अमेरिकी डॉलर, एक पाकिस्तानी मोबाइल नंबर और एक क्यूआर कोड जैसी छपी हुई तस्वीर भी जुड़ी हुई थी।
किश्तवाड़ एनकाउंटर के बाद सुरक्षा में वृद्धि
सीमा पार से आए इन गुब्बारों ने सुरक्षाबलों की चिंता को बढ़ा दिया है, क्योंकि एक दिन पहले किश्तवाड़ में एक बड़ी मुठभेड़ हुई थी। इस एनकाउंटर में सुरक्षाबलों ने जैश-ए-मोहम्मद के खतरनाक कमांडर सैफुल्लाह समेत तीन आतंकियों को मार गिराया था। आतंकियों के सफाए के तुरंत बाद इस तरह की संदिग्ध सामग्री का मिलना किसी नई साजिश की ओर इशारा कर रहा है, जिसके चलते पूरे क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी गई है।
पुलिस की गहन जांच
सीमावर्ती क्षेत्रों में पहले भी पाकिस्तान की तरफ से उड़कर आए गुब्बारे मिलते रहे हैं, लेकिन उनके साथ विदेशी मुद्रा और क्यूआर कोड का मिलना एक नया और संदिग्ध पैटर्न है। सुरक्षा एजेंसियां इसे 'बैलून टेरर' के एक नए तरीके के रूप में देख रही हैं। फिलहाल, जम्मू-कश्मीर पुलिस की विशेष टीमें गुब्बारों के साथ मिले नोटों की जांच कर रही हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि वे असली हैं या नकली। इसके साथ ही क्यूआर कोड और मोबाइल नंबर के जरिए इस साजिश के असली मकसद और इसके पीछे छिपे आतंकी नेटवर्क को समझने की कोशिश की जा रही है।
