डोनाल्ड ट्रंप का चीन दौरा: व्यापार समझौतों की उम्मीद
ट्रंप का ऐतिहासिक दौरा
बीजिंग। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप आठ साल बाद चीन की यात्रा पर पहुंचे हैं। इससे पहले, ट्रंप ही 2017 में अपने पहले कार्यकाल के दौरान चीन गए थे। बुधवार को उनका विशेष विमान बीजिंग कैपिटल इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर उतरा, जहां चीन के उप राष्ट्रपति हान जेंग ने उनका स्वागत किया। इस यात्रा के दौरान कई महत्वपूर्ण व्यापार समझौतों की संभावना जताई जा रही है।
स्वागत समारोह
हान जेंग, जो कूटनीतिक मामलों में अनुभवी माने जाते हैं, राष्ट्रपति शी जिनपिंग के करीबी सहयोगी हैं। ट्रंप के स्वागत के लिए एयरपोर्ट पर लगभग तीन सौ बच्चे नीले और सफेद यूनिफॉर्म में उपस्थित थे, जो अमेरिका और चीन के झंडे लहरा रहे थे।
बातचीत के मुद्दे
राष्ट्रपति ट्रंप के साथ उनके बेटे एरिक ट्रंप और बहू लारा ट्रंप भी इस यात्रा में शामिल हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, ट्रंप और शी जिनपिंग के बीच गुरुवार और शुक्रवार को व्यापार संधियों पर चर्चा होगी। इसके अलावा, ताइवान, रेयर अर्थ मिनरल्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ईरान युद्ध जैसे मुद्दों पर भी बातचीत होने की संभावना है। हालांकि, ट्रंप ने कहा है कि उन्हें ईरान युद्ध समाप्त करने के लिए चीन की मदद की आवश्यकता नहीं है।
व्यापार प्रतिनिधिमंडल
ट्रंप के साथ अमेरिका के व्यापारियों का एक बड़ा प्रतिनिधिमंडल भी चीन आया है, जिसमें दुनिया के सबसे अमीर कारोबारी इलॉन मस्क, एप्पल के सीईओ टिम कुक और बोइंग के सीईओ शामिल हैं। हालांकि, सेमीकंडक्टर कंपनी एनवीडिया के सीईओ जेनसन हुआंग इस दौरे में शामिल नहीं हैं।
बोइंग के साथ संभावित सौदा
ट्रंप के इस दौरे में सबसे बड़ा सौदा बोइंग के साथ हो सकता है, जिसमें चीन बोइंग को नौ लाख करोड़ रुपए से अधिक का ऑर्डर दे सकता है। सूत्रों के अनुसार, चीन 500 बोइंग 737 मैक्स, 100 बोइंग 787 ड्रीमलाइनर और कई 777 एक्स वाइडबॉडी विमान खरीदने की योजना बना रहा है। यदि यह करार होता है, तो यह इतिहास का सबसे बड़ा विमान सौदा होगा।
भू-राजनीतिक स्थिति
वैश्विक कूटनीति और भू-राजनीति के संदर्भ में, ट्रंप ने वॉशिंगटन से रवाना होते समय कहा कि उन्हें ईरान के साथ चल रहे युद्ध को समाप्त करने के लिए चीन की मदद की आवश्यकता नहीं है। पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा, 'मुझे नहीं लगता कि हमें ईरान के मामले में किसी मदद की जरूरत है। अमेरिका यह युद्ध किसी भी तरह जीत जाएगा।'
