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दिल्ली-एनसीआर में मेट्रो विस्तार: नोएडा से बोड़ाकी तक नई लाइनों का निर्माण शुरू होने की उम्मीद

दिल्ली-एनसीआर में मेट्रो विस्तार की नई योजनाएं यात्रियों के लिए राहत लेकर आ रही हैं। नोएडा मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ने एक्वा लाइन के विस्तार की तैयारियां पूरी कर ली हैं, जिसमें सेक्टर-142 से बॉटनिकल गार्डन और ग्रेटर नोएडा डिपो से बोड़ाकी तक नई मेट्रो लाइनों का निर्माण शामिल है। इन परियोजनाओं से यात्रा में सुविधा और कनेक्टिविटी में सुधार की उम्मीद है। जानें विस्तार की पूरी जानकारी और इसके संभावित लाभ।
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दिल्ली-एनसीआर में मेट्रो विस्तार: नोएडा से बोड़ाकी तक नई लाइनों का निर्माण शुरू होने की उम्मीद

नई मेट्रो लाइनों का विस्तार


नई दिल्ली: दिल्ली-एनसीआर में यात्रा करने वाले लाखों लोगों के लिए राहत की एक नई किरण नजर आ रही है। लंबे समय से प्रतीक्षित मेट्रो विस्तार अब वास्तविकता के करीब है। नोएडा मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (NMRC) ने एक्वा लाइन के विस्तार की तैयारियों को लगभग पूरा कर लिया है। सेक्टर-142 से बॉटनिकल गार्डन और ग्रेटर नोएडा डिपो से बोड़ाकी तक नई मेट्रो लाइनों के लिए टेंडर जल्द ही जारी किए जा सकते हैं। यदि सब कुछ सही रहा, तो इस साल दिवाली के आसपास निर्माण कार्य शुरू होने की संभावना है। यह खबर नोएडा, ग्रेटर नोएडा और दिल्ली के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए उम्मीद की किरण बन गई है।


एक्वा लाइन का सबसे महत्वपूर्ण विस्तार सेक्टर-142 से बॉटनिकल गार्डन तक प्रस्तावित है। यह लगभग 11.56 किलोमीटर लंबा रूट नोएडा और दिल्ली के बीच यात्रा को और अधिक सुगम बनाएगा। इस परियोजना पर लगभग 2254 करोड़ रुपये का खर्च आने की उम्मीद है। वर्तमान में, यात्रियों को एक्वा लाइन से दिल्ली मेट्रो की ब्लू लाइन पकड़ने के लिए सेक्टर-51 और सेक्टर-52 के बीच काफी दूरी तय करनी पड़ती है। कई लोग ई-रिक्शा या पैदल यात्रा करने को मजबूर होते हैं। लेकिन नए विस्तार के बाद बॉटनिकल गार्डन स्टेशन पर सीधे इंटरचेंज की सुविधा उपलब्ध होगी, जिससे यात्रियों का समय बचेगा और यात्रा अधिक आरामदायक हो जाएगी।


इस रूट पर लगभग 8 नए स्टेशन बनाने की योजना है, जिनमें सेक्टर-94, सेक्टर-97, सेक्टर-98, सेक्टर-105, सेक्टर-108, सेक्टर-110, सेक्टर-125 और सेक्टर-142 शामिल हो सकते हैं। इन स्टेशनों से नोएडा एक्सप्रेसवे के आसपास रहने वाले लोगों को सीधा लाभ मिलेगा और सड़क पर वाहनों का दबाव भी कम होने की संभावना है।


बोड़ाकी तक मेट्रो का विस्तार


दूसरा विस्तार ग्रेटर नोएडा डिपो स्टेशन से बोड़ाकी रेलवे स्टेशन तक किया जाएगा। यह रूट भले ही केवल 2.6 किलोमीटर लंबा हो, लेकिन इसका महत्व काफी बड़ा है। इस परियोजना की अनुमानित लागत लगभग 416 करोड़ रुपये है। बोड़ाकी को भविष्य में एक बड़े मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब के रूप में विकसित किया जा रहा है, जिसमें रेलवे टर्मिनल और अंतरराज्यीय बस अड्डे जैसी सुविधाएं होंगी। मेट्रो के सीधे यहां तक पहुंचने से ग्रेटर नोएडा के निवासियों को लंबी दूरी की ट्रेन पकड़ने के लिए नई दिल्ली या आनंद विहार जाने की आवश्यकता कम हो जाएगी। यात्री सीधे मेट्रो से रेलवे स्टेशन तक पहुंच सकेंगे।


फंडिंग और निर्माण की योजना


इन दोनों परियोजनाओं के लिए केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार मिलकर निवेश करेंगी, जिसमें दोनों की हिस्सेदारी 50-50 प्रतिशत होगी। इसके अलावा, नोएडा और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण भी इस प्रोजेक्ट में सहयोग करेंगे। NMRC की कोशिश है कि टेंडर प्रक्रिया जल्द पूरी हो जाए ताकि निर्माण एजेंसियों का चयन समय पर किया जा सके। अधिकारियों के अनुसार, काम शुरू होने के बाद इन दोनों मेट्रो लाइनों को पूरा करने में लगभग तीन साल का समय लग सकता है। इन परियोजनाओं से न केवल ट्रैफिक की समस्या कम होगी, बल्कि नोएडा और ग्रेटर नोएडा के रियल एस्टेट क्षेत्र को भी बड़ा लाभ मिलेगा। बेहतर कनेक्टिविटी के कारण इन क्षेत्रों में निवेश और विकास की गति तेज हो सकती है।