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दिल्ली में बर्ड फ्लू का खतरा: चिड़ियाघर बंद, जानें सुरक्षा उपाय

दिल्ली के चिड़ियाघर में H5N1 बर्ड फ्लू के फैलने के कारण प्रशासन ने चिड़ियाघर को बंद करने का निर्णय लिया है। यह वायरस 21 दिनों तक सक्रिय रह सकता है, जिससे अन्य जानवरों को भी खतरा है। जानें इंसानों को इससे कितना खतरा है और बर्ड फ्लू के लक्षण क्या हैं। साथ ही, इस बीमारी से बचाव के उपाय भी जानें।
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दिल्ली में बर्ड फ्लू का खतरा: चिड़ियाघर बंद, जानें सुरक्षा उपाय

दिल्ली के चिड़ियाघर में बर्ड फ्लू का प्रकोप

Bird Flu In Delhi: दिल्ली के चिड़ियाघर में H5N1 वायरस के फैलने की सूचना के बाद, प्रशासन ने आज से अनिश्चितकाल के लिए चिड़ियाघर को बंद करने का निर्णय लिया है। यह दिल्ली में बर्ड फ्लू का तीसरा मामला है। इससे पहले, 2016 में अक्टूबर में चिड़ियाघर को बंद किया गया था, जब 70 से अधिक पक्षियों की मृत्यु हुई थी। इस वर्ष, चिड़ियाघर में एक पक्षी की मौत की पुष्टि हुई है, जिसे जांच के लिए भोपाल भेजा गया था और वहां यह पाया गया कि वह संक्रमित था। इसके बाद, चिड़ियाघर प्रशासन ने निगरानी बढ़ा दी है।


पशु-पक्षियों के लिए विशेष प्रबंध

चिड़ियाघर के बंद होने के संबंध में प्रशासन का कहना है कि यह वायरस 21 दिनों तक सक्रिय रह सकता है और अन्य जानवरों को संक्रमित कर सकता है। इसलिए, कम से कम 21 दिनों का क्वारंटीन आवश्यक है। निगरानी को बढ़ाया गया है और सभी प्रवासी पक्षियों को अलग रखा जाएगा। इसके अलावा, चिड़ियाघर में बाघ और शेर के बच्चों का विशेष ध्यान रखा जा रहा है, क्योंकि हाल ही में बंगाल टाइगर के बच्चों की संक्रमण से मृत्यु हुई थी। वर्तमान में, चिड़ियाघर में लगभग 1,350 पक्षियों पर निगरानी रखी जा रही है।


इंसानों को कितना खतरा?

दिल्ली एम्स के सामुदायिक चिकित्सा केंद्र के प्रोफेसर संजय राय के अनुसार, इंसानों को इस वायरस का सीधा खतरा नहीं है। पक्षियों से इंसानों में यह बीमारी नहीं फैलती, लेकिन पोल्ट्री फार्म में काम करने वाले व्यक्तियों के लिए यह खतरा बढ़ सकता है।


बर्ड फ्लू के संकेत

बर्ड फ्लू होने के कुछ संकेत ऐसे होते हैं:



  • अचानक तेज बुखार आना।

  • सर्दी-खांसी होना।

  • गले में खराश होना।

  • सिरदर्द।

  • सांस लेने में कठिनाई।

  • बेहोशी या चक्कर आना।


बर्ड फ्लू से बचाव के उपाय

बर्ड फ्लू से इंसान कैसे करें बचाव?



  • पक्षियों के संपर्क में न आएं।

  • साफ-सफाई का ध्यान रखें।

  • बर्ड फ्लू से प्रभावित क्षेत्रों से दूर रहें।

  • पक्षियों का पालन करने वाले लोग मास्क और दस्ताने पहनें।