दिल्ली में सांसदों और पुलिस के बीच टीबी मुक्त भारत के लिए क्रिकेट मैच
टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत क्रिकेट मैच का आयोजन
दिल्ली में सांसदों और पुलिस के बीच खेला गया मैत्री क्रिकेट मैच
सांसदों की टीम का नेतृत्व अनुराग सिंह ठाकुर ने किया, जबकि दिल्ली पुलिस की कप्तानी कमिश्नर सतीश गोलचा ने संभाली
नई दिल्ली: पूर्व केंद्रीय मंत्री और सांसद अनुराग सिंह ठाकुर ने टीबी के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से 'टीबी मुक्त भारत-टीबी हारेगा, देश जीतेगा' पहल के तहत आज रविवार को दिल्ली में सांसदों और दिल्ली पुलिस अधिकारियों के बीच एक मैत्री क्रिकेट मैच का आयोजन किया। यह मैच नेशनल स्टेडियम में हुआ, जिसमें सांसदों की टीम का नेतृत्व अनुराग सिंह ठाकुर ने किया, जबकि दिल्ली पुलिस की कप्तानी कमिश्नर सतीश गोलचा ने की। इस रोमांचक मुकाबले में दिल्ली पुलिस ने सांसदों की टीम को 12 रनों से हराकर विजेता ट्रॉफी अपने नाम की। टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करते हुए दिल्ली पुलिस ने 20 ओवर में 225 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। अनुराग सिंह ठाकुर की शानदार 52 रनों की पारी के बावजूद सांसदों की टीम 212 रन पर सिमट गई। इस मैच का सजीव प्रसारण डीडी स्पोर्ट्स पर किया गया।
मैच के बारे में बात करते हुए अनुराग ठाकुर ने कहा, "मैं सभी सांसदों और पुलिस अधिकारियों का आभार व्यक्त करता हूं कि जागरूकता के लिए हम टीबी-मुक्त क्रिकेट मैच खेल रहे हैं। टीबी-मुक्त भारत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का संकल्प है। यह एक ऐसी बीमारी है, जिसमें लाखों लोगों की जान जाती है। हम इसे लेकर जागरूकता फैलाने का प्रयास कर रहे हैं और पहले भी भारत के कई शहरों में टीबी हारेगा, देश जीतेगा की पहल के तहत क्रिकेट मैच खेल चुके हैं। टीबी मुक्त भारत अभियान के लिए हम देश के कोने-कोने जाकर मैच खेलेंगे और जनता को टीबी के प्रति जागरूक करेंगे। आज दिल्ली में पुलिस अधिकारियों के साथ मैच खेलना एक शानदार अनुभव है। दोनों टीमों ने मिलकर 400 से अधिक रन बनाए हैं, जो इस मैच के उत्साह का प्रमाण है। आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के 2025 तक टीबी मुक्त भारत अभियान की दिशा में ऐसे आयोजन जागरूकता बढ़ाने में मदद करेंगे। हम भले ही मैच हार गए हैं, लेकिन जिस मकसद के साथ इसका आयोजन किया गया था, वह सफल रहा और हम भारत से टीबी को हराने में सफल होंगे। हम मैदान में एक-दूसरे के खिलाफ खेल सकते हैं, लेकिन हमारी असली लड़ाई टीबी के खिलाफ है। हमारा नारा है 'हम खेलेंगे, लेकिन टीबी हारेगा'। टीबी किसी पार्टी, व्यक्ति, देश या भाषा को देखकर नहीं आती, यह किसी को भी हो सकता है। इस मैच का मुख्य मकसद टीबी को हराना और यह संदेश हर नागरिक तक पहुंचाना है। मैं उन सभी पुलिस अधिकारियों की भी सराहना करता हूं जिन्होंने इस अभियान में भाग लिया और इसे जन-जन तक पहुंचाने का काम किया है।"
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, "भारत की संसद 140 करोड़ जनता का प्रतिनिधित्व करती है और जनप्रतिनिधियों के अनुभव का लाभ समाज को मिले, ऐसी अपेक्षा रखती है। हमें 2025 तक टीबी मुक्त भारत बनाना है और सांसदों और पुलिस अधिकारियों का यह मैत्री मैच टीबी उन्मूलन के खिलाफ जागरूकता फैलाने का काम करेगा। मैं सभी सांसदों और पुलिस अधिकारियों को बधाई देता हूं कि उन्होंने टीबी जैसी बीमारी को जड़ से खत्म करने की दिशा में एक सार्थक प्रयास किया है।"
मैच के समापन पर खिलाड़ियों को सम्मानित करते हुए बीसीसीआई उपाध्यक्ष और राज्यसभा सांसद राजीव शुक्ला ने कहा, "नेता बनाम पुलिस अधिकारी के इस क्रिकेट मैच का आयोजन अनुराग सिंह ठाकुर जी की दूरदर्शी सोच का परिणाम है। यह देखना सुखद है कि नेता और पुलिस अधिकारी दोनों ही टीबी के खिलाफ जागरूकता लाने के लिए एक प्लेटफॉर्म पर इकट्ठा हुए हैं।"
सीसीआई के अध्यक्ष और वरिष्ठ सांसद राजीव प्रताप रूडी ने कहा, "अनुराग ठाकुर हर बार इस तरह के मैच का आयोजन करते हैं, और इसका मुख्य मकसद यही संदेश पहुंचाना होता है कि हमें देश से टीबी को खत्म करना है। हार-जीत एक तरफ है, लेकिन देश को टीबी मुक्त बनाना ही असली लक्ष्य है।"
