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निशिकांत दुबे के विवादित बयान पर मचा राजनीतिक हंगामा

बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे ने ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री बीजू पटनायक पर विवादित बयान दिया, जिसके बाद उन्हें सफाई देनी पड़ी। उन्होंने कहा कि उनके बयान को गलत समझा गया है और बीजू पटनायक के प्रति उनका सम्मान है। इस मुद्दे पर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है, जानें पूरी कहानी।
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निशिकांत दुबे के विवादित बयान पर मचा राजनीतिक हंगामा

निशिकांत दुबे का विवादित बयान

डिजिटल डेस्क।  बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे (Nishikant Dubey) हाल ही में अपने एक विवादास्पद बयान के कारण राजनीतिक आलोचना का सामना कर रहे हैं। ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री बीजू पटनायक (Biju Patnaik) के बारे में दिए गए उनके बयान ने इतना विवाद खड़ा कर दिया कि उन्हें खुद सफाई देने की आवश्यकता महसूस हुई। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इस बयान के बाद न केवल विपक्षी दलों ने, बल्कि उनकी अपनी पार्टी के कुछ सदस्यों ने भी नाराजगी जताई। बीजू जनता दल (Biju Janata Dal) ने इस मुद्दे पर उन्हें चारों ओर से घेर लिया। 


बढ़ते विवाद को देखते हुए, दुबे ने अपने एक्स हैंडल पर एक स्पष्टीकरण जारी किया। उन्होंने कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से समझा गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका बयान नेहरू-गांधी परिवार के संदर्भ में था, लेकिन इसे बीजू पटनायक से जोड़कर देखा गया। दुबे ने यह भी कहा कि बीजू पटनायक हमेशा से एक सम्मानित नेता रहे हैं और उनके प्रति उनके मन में पूरा सम्मान है। इसके साथ ही, उन्होंने कहा कि यदि उनके बयान से किसी की भावनाएं आहत हुई हैं, तो वे इसके लिए बिना शर्त माफी मांगते हैं।




निशिकांत दुबे के बयान का संदर्भ

यह विवाद 27 मार्च को दिए गए उनके एक बयान से शुरू हुआ, जिसमें उन्होंने 1960 के दशक की भारत की विदेश और रक्षा नीतियों पर गंभीर आरोप लगाए थे। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, दुबे ने यह दावा किया कि जवाहर लाल नेहरू (Jawaharlal Nehru) के अमेरिका और उसकी खुफिया एजेंसी सीआईए से संबंध थे, विशेषकर 1962 के भारत-चीन युद्ध के समय। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि बीजू पटनायक ने उस समय अमेरिकी एजेंसियों और नेहरू के बीच मध्यस्थ की भूमिका निभाई थी।


इन आरोपों के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया, और बीजू जनता दल समेत कई नेताओं ने इसे गंभीर मुद्दा बताते हुए कड़ी प्रतिक्रिया दी। अब, दुबे की सफाई और माफी के बावजूद, विवाद पूरी तरह से थमता नजर नहीं आ रहा है, और भविष्य में इस मुद्दे पर सियासत और तेज हो सकती है।