पंजाब के सीएम ने केंद्र सरकार पर गैंगस्टरवाद और नशे की समस्या को लेकर उठाए सवाल
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान का केंद्र पर आरोप
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि वह पंजाब के मुद्दों को सुलझाने में पूरी तरह असफल रही है। उन्होंने कहा कि चाहे पानी की समस्या हो, गैंगस्टरवाद या नशे की समस्या, केंद्र ने कभी भी पंजाब के साथ उचित व्यवहार नहीं किया।
गैंगस्टरवाद के संदर्भ में मान ने कहा कि केंद्र सरकार इस समस्या को राष्ट्रीय स्तर पर सुलझाने में नाकाम रही है। उन्होंने यह भी बताया कि पंजाब के गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई को भाजपा सरकार ने गुजरात की जेल में रखा है और उसे पंजाब लाने की अनुमति नहीं दी जा रही है। मान ने इसे देश की एकता और अखंडता के लिए खतरा बताया।
नशे की तस्करी पर मुख्यमंत्री का बयान
मुख्यमंत्री ने नशे की तस्करी के मुद्दे पर कहा कि यह केंद्र की जिम्मेदारी है कि वह अंतरराष्ट्रीय सीमा से नशे की तस्करी को रोके। उन्होंने बताया कि उनकी सरकार ने अपने संसाधनों से एंटी-ड्रोन सिस्टम स्थापित किया है, जबकि केंद्र से कोई मदद नहीं मिली।
उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने सीमा पर 550 किलोमीटर लंबी एंटी-ड्रोन तकनीक स्थापित की है, ताकि नशे की तस्करी को रोका जा सके।
अन्य राज्यों में नशे की तस्करी पर सवाल
मुख्यमंत्री ने अन्य राज्यों में नशीले पदार्थों की जब्ती पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि गुजरात में लाखों टन नशीले पदार्थ जब्त किए जा रहे हैं, लेकिन इसके खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि गुजरात के मुंद्रा बंदरगाह पर लगभग 3,000 किलो नशीले पदार्थ जब्त किए गए थे, लेकिन दोषियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई। मान ने कहा कि पंजाब में विभाजनकारी राजनीति कभी सफल नहीं होगी।
