पंजाब में खरीफ फसल की खरीद के लिए तैयारियां तेज़

पंजाब खरीफ खरीद की तैयारियों पर जोर
पंजाब खरीफ खरीद: पंजाब सरकार ने 2025 के खरीफ सीजन के लिए धान की खरीद को सुचारु बनाने के लिए व्यापक योजनाएं बनानी शुरू कर दी हैं। कृषि और किसान कल्याण मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां ने कहा, "राज्य भर की अनाज मंडियों में धान की खरीद के लिए पुख्ता प्रबंध किए जा रहे हैं।" यह सुनिश्चित करने के लिए कि किसानों को अपनी फसल बेचने में कोई कठिनाई न हो, सरकार हर संभव कदम उठा रही है।
खुड्डियां ने किसान भवन में पंजाब मंडी बोर्ड के चेयरमैन हरचन्द सिंह बरसट और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक में खरीफ फसल की खरीद की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में, पंजाब सरकार सभी अनाज मंडियों में पंजाब कृषि यूनिवर्सिटी द्वारा प्रमाणित नमी मीटर स्थापित कर रही है। ये मीटर धान की नमी की सटीक माप सुनिश्चित करेंगे। इसके अलावा, मंडियों और खरीद केंद्रों में स्वच्छता, पेयजल, छाया और बिजली जैसी सुविधाओं का ध्यान रखा जा रहा है। खुड्डियां ने कहा, "हमारा उद्देश्य है कि किसानों को अपनी फसल बेचने में किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।"
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों पर ध्यान
बैठक के दौरान, कृषि मंत्री ने बाढ़ प्रभावित जिलों के मुख्य कृषि अधिकारियों (सीएओ) के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से स्थिति की समीक्षा की। कृषि विभाग के प्रशासनिक सचिव डॉ. बसंत गर्ग ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे इस कठिन समय में किसानों की हर संभव सहायता करें। उन्होंने किसानों को जागरूक करने पर जोर दिया कि वे मंडी में केवल सूखी फसल ही लाएं, ताकि खरीद प्रक्रिया में कोई रुकावट न आए।
मंडी बोर्ड की तैयारियां
पंजाब मंडी बोर्ड के सचिव श्री रामवीर ने बताया कि खरीद सीजन के दौरान किसानों की सुविधा के लिए मंडियों में बिजली, छाया, शौचालय और स्वच्छ पेयजल जैसी सभी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। इसके लिए बोर्ड के फील्ड स्टाफ को तैनात किया गया है, जो मंडियों में व्यवस्थाओं की निगरानी करेंगे।
बारदाने की उपलब्धता
खाद्य, सिविल सप्लाई और उपभोक्ता मामले विभाग के निदेशक श्री वरिंदर कुमार शर्मा ने बताया कि खरीद के लिए आवश्यक 5.40 लाख बारदाना गांठों में से लगभग 3.50 लाख गांठें प्राप्त हो चुकी हैं। शेष गांठें सितंबर 2025 के मध्य तक उपलब्ध हो जाएंगी। यह सुनिश्चित करेगा कि खरीद प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की देरी न हो।