पंजाब में धमाकों के पीछे पाकिस्तानी तत्वों का हाथ: डीजीपी गौरव यादव
धमाकों की घटनाएं
- अमृतसर और जालंधर में मंगलवार को हुए धमाके
- पुलिस के महानिदेशक ने घटनास्थल का दौरा किया
पंजाब पुलिस के महानिदेशक गौरव यादव ने मंगलवार को अमृतसर और जालंधर में हुए धमाकों के पीछे पाकिस्तानी समर्थित तत्वों की संलिप्तता का आरोप लगाया है। उन्होंने बुधवार को घटनास्थल का दौरा किया और कहा कि प्रारंभिक जांच से यह स्पष्ट होता है कि ये धमाके शांति को भंग करने के लिए किए गए थे।
खासा कैंटोनमेंट विस्फोट
जालंधर के साथ-साथ अमृतसर में खासा कैंटोनमेंट की बाउंड्री वॉल के पास भी धमाका हुआ। डीजीपी ने मौके पर पहुंचकर इस घटना की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि खासा कैंटोनमेंट में एक कम इंटेंसिटी का धमाका हुआ था।
सैंपल इकट्ठा करने की प्रक्रिया
डीजीपी ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही पंजाब बम डिस्पोजल स्क्वॉड, पुलिस और फोरेंसिक विशेषज्ञों को मौके पर बुलाया गया। क्षेत्र को पूरी तरह से सैनिटाइज करने के बाद, वैज्ञानिक जांच के लिए सैंपल इकट्ठा किए गए। उन्होंने कहा कि यह घटना पाकिस्तान के ‘आईएसआई-डिजाइन’ का हिस्सा प्रतीत होती है, खासकर जब ऑपरेशन सिंदूर की बरसी नजदीक है।
जांच की प्रगति
गौरव यादव ने बताया कि संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है और सेना तथा अन्य एजेंसियों के सहयोग से जांच जारी है। उन्होंने कहा कि धमाकों की सही प्रकृति और शुरुआत का पता लगाने के लिए कई टीमें काम कर रही हैं। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने भी घटनास्थल से फोरेंसिक सबूत इकट्ठा करना शुरू कर दिया है।
