पेट्रोल-डीजल की कीमतों में उछाल, युद्ध का असर स्पष्ट
मिडिल ईस्ट संघर्ष के बीच ईंधन की कीमतों में वृद्धि
मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष के कारण देश में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में वृद्धि हो रही है। इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन ने अपने प्रीमियम XP100 पेट्रोल और Xtra Green डीजल की कीमतों में बदलाव किया है। हालांकि, आम उपभोक्ताओं के लिए सामान्य पेट्रोल और डीजल की कीमतें अभी भी स्थिर बनी हुई हैं।
XP100 पेट्रोल की कीमत में वृद्धि
इंडियन ऑयल का XP100 भारत का पहला 100-ऑक्टेन प्रीमियम पेट्रोल है, जिसे हाई-एंड लग्जरी कारों और सुपरबाइक्स के लिए बेहतर इंजन प्रदर्शन के लिए डिज़ाइन किया गया है। दिल्ली में इसकी कीमत अब 149 रुपये प्रति लीटर से बढ़कर 160 रुपये प्रति लीटर हो गई है, जिससे एक लीटर में 11 रुपये की वृद्धि हुई है।
डीजल और LPG की कीमतों में उछाल
प्रीमियम डीजल Xtra Green की कीमत में भी वृद्धि हुई है। दिल्ली में यह 91.49 रुपये प्रति लीटर से बढ़कर 92.99 रुपये प्रति लीटर हो गई है, यानी एक लीटर पर 1.50 रुपये की बढ़ोतरी हुई है। यह डीजल बेहतर माइलेज और इंजन की लंबी उम्र का दावा करता है।
युद्ध के प्रभाव के कारण कमर्शियल LPG की कीमतों में भी वृद्धि हुई है। 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमत 1 मार्च को 1,768.50 रुपये थी, जो अब 1 अप्रैल को 2,078.50 रुपये तक पहुंच गई है। इस प्रकार, एक महीने में 310 रुपये की वृद्धि हुई है, जिसका सीधा असर होटल, रेस्तरां और छोटे उद्योगों पर पड़ेगा।
जेट फ्यूल की कीमतों में भारी वृद्धि
प्रीमियम पेट्रोल-डीजल के साथ-साथ एविएशन टर्बाइन फ्यूल यानी जेट फ्यूल की कीमतों में भी भारी वृद्धि हुई है। दिल्ली में ATF की कीमत 96,638.14 रुपये प्रति किलोलीटर से बढ़कर 2,07,341.22 रुपये प्रति किलोलीटर हो गई है। यह पहली बार है जब जेट फ्यूल की कीमत 2 लाख रुपये प्रति किलोलीटर के स्तर को पार कर चुकी है।
इसका सीधा असर यात्रियों के टिकट किराए पर पड़ सकता है। पिछली बार जेट फ्यूल की कीमतें 2022 में यूक्रेन-रूस युद्ध के दौरान 1.1 लाख रुपये प्रति किलोलीटर तक पहुंची थीं। हालांकि, आम नागरिकों को राहत देने के लिए 7 मार्च को पेट्रोल और डीजल पर उत्पाद शुल्क में 10 रुपये प्रति लीटर की कटौती की गई थी। लेकिन यदि युद्ध जारी रहा, तो सामान्य तेलों की कीमतों में भी वृद्धि हो सकती है।
