बिहार में पुल गिरने की घटनाओं पर तेजस्वी यादव का तीखा हमला
तेजस्वी यादव का आरोप
पटना। बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सोमवार को एक वीडियो साझा करते हुए कहा कि बिहार की एनडीए सरकार ने पिछले 21 वर्षों में पुल गिरने का एक विश्व रिकॉर्ड बनाया है। उन्होंने यह भी पूछा कि क्या इससे बड़ा भ्रष्टाचार का कोई प्रमाण चाहिए। भागलपुर में विक्रमशिला पुल के गिरने की घटना को उन्होंने भ्रष्टाचार का एक और उदाहरण बताया।
विक्रमशिला पुल का गिरना
तेजस्वी यादव ने कहा कि पिछले महीने उन्होंने सरकार को चेतावनी दी थी कि यह पुल गिर सकता है, लेकिन सरकार ने इसे नजरअंदाज कर दिया। जब पुल गिरा, उस समय कई वाहन पुल पर थे, लेकिन सौभाग्य से कोई भी वाहन गिरने वाले स्लैब के नीचे नहीं आया, जिससे जानमाल का नुकसान टल गया। उन्होंने बताया कि पिछले दो वर्षों में बिहार में 100 से अधिक पुल गिर चुके हैं, जो इस बात का संकेत है कि बिहार भ्रष्टाचार में शीर्ष पर है।
अखिलेश यादव की प्रतिक्रिया
टूट रहे हैं वो पुल, जिनका काम है जोड़ना: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बिहार में पुलों का गिरना एक गंभीर समस्या है। उन्होंने कहा कि विक्रमशिला पुल का एक पिलर ध्वस्त हुआ और वह गंगा नदी में समा गया। इस घटना के बाद अफरा-तफरी मच गई, लेकिन प्रशासन ने समय रहते आवाजाही रोककर बड़ा नुकसान टाल दिया।
सुप्रीम कोर्ट की जांच की मांग
सुप्रीम कोर्ट से जांच की मांग: समाजवादी पार्टी के नेता आईपी सिंह ने तेजस्वी यादव के वीडियो को साझा करते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट को गिरते हुए पुलों का संज्ञान लेते हुए सीबीआई और ईडी से जांच कराने का आदेश देना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि बिहार और गुजरात में सबसे ज्यादा पुल क्यों गिर रहे हैं।
