महाराष्ट्र का नया बजट: पुरानी गाड़ियों पर ग्रीन टैक्स में वृद्धि और नई तकनीक को प्रोत्साहन
नई दिल्ली में बजट की घोषणा
नई दिल्ली: महाराष्ट्र के वाहन मालिकों के लिए 2026-27 का बजट कई महत्वपूर्ण परिवर्तनों के साथ आया है। राज्य सरकार ने बढ़ते प्रदूषण और खराब वायु गुणवत्ता को नियंत्रित करने के लिए सख्त कदम उठाने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री द्वारा प्रस्तुत इस बजट का मुख्य उद्देश्य सड़कों से पुरानी और धुआं छोड़ने वाली गाड़ियों को हटाना है। इसके लिए 'दंड और पुरस्कार' की नीति अपनाई गई है, जिसमें पुरानी गाड़ियों का स्वामित्व महंगा किया गया है, जबकि नई और आधुनिक गाड़ियों को अपनाने के लिए आकर्षक प्रोत्साहन दिए गए हैं।
ग्रीन टैक्स में वृद्धि
बजट का सबसे कठोर निर्णय BS-4 या उससे पुराने मानकों वाली प्राइवेट गाड़ियों पर ग्रीन टैक्स को दोगुना करना है। सरकार का मानना है कि ये गाड़ियां नए एमिशन मानकों की तुलना में अधिक प्रदूषण फैलाती हैं। टैक्स में वृद्धि के कारण इन गाड़ियों का उपयोग अब महंगा हो जाएगा, जिससे प्रशासन चाहता है कि लोग इन पुराने वाहनों का उपयोग कम करें। इससे शहरों में प्रदूषण स्तर को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी और पर्यावरण की रक्षा होगी।
स्क्रैपिंग पर टैक्स में राहत
टैक्स के बोझ के बीच, सरकार ने उन लोगों के लिए राहत का रास्ता खोला है जो पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझते हैं। यदि कोई वाहन मालिक अपनी पुरानी गाड़ी को स्क्रैप करता है और उसके बदले नई गाड़ी खरीदता है, तो उसे मोटर व्हीकल टैक्स में विशेष छूट दी जाएगी। यह कदम लोगों को कबाड़ हो चुके वाहनों को हटाने के लिए प्रोत्साहित करेगा, जिससे पुरानी तकनीक वाले वाहन धीरे-धीरे समाप्त हो जाएंगे।
वाहन श्रेणी के अनुसार छूट
बजट में दी जाने वाली छूट वाहन की उम्र के आधार पर निर्धारित की गई है। BS-4 या उससे ऊपर की गाड़ी को स्क्रैप करने पर नई गाड़ी की खरीद पर लगभग 16% तक की टैक्स छूट का प्रस्ताव है। वहीं, यदि आप BS-3 या उससे अधिक पुरानी गाड़ी स्क्रैप करते हैं, तो यह राहत बढ़कर 30% तक पहुंच सकती है। यह व्यवस्था मध्यम वर्ग के लिए नई और सुरक्षित तकनीक अपनाना आसान बनाएगी, जिससे उनके वित्तीय बोझ में कमी आएगी।
प्रदूषण मुक्ति और सड़क सुरक्षा
सरकार का मुख्य लक्ष्य न केवल धुआं कम करना है, बल्कि ईंधन की खपत और सड़क सुरक्षा में भी सुधार करना है। पुरानी गाड़ियां नई गाड़ियों की तुलना में अधिक ईंधन का उपयोग करती हैं और उनकी सुरक्षा तकनीक भी पुरानी हो चुकी है। नई गाड़ियों को बढ़ावा देकर सरकार चाहती है कि पर्यावरण स्वच्छ हो और सड़क दुर्घटनाओं में कमी आए। आधुनिक वाहनों में एमिशन कंट्रोल सिस्टम बेहतर होता है, जो शहरों की हवा को जहरीला होने से रोकता है।
