Newzfatafatlogo

महाराष्ट्र में साइबर अपराध का बड़ा खुलासा: 19 वर्षीय युवक गिरफ्तार

महाराष्ट्र के अमरावती जिले में एक 19 वर्षीय युवक को गिरफ्तार किया गया है, जो लड़कियों की आपत्तिजनक तस्वीरें और अश्लील वीडियो ऑनलाइन साझा करने का आरोपी है। पुलिस ने उसके पास से 350 से अधिक अश्लील वीडियो बरामद किए हैं और उसने 180 से ज्यादा नाबालिग लड़कियों को निशाना बनाया। आरोपी के खिलाफ कई धाराओं में मामला दर्ज किया गया है, और पुलिस ने पीड़ितों से सहयोग की अपील की है। इस मामले में राजनीतिक विवाद भी उठ खड़ा हुआ है, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई है।
 | 
महाराष्ट्र में साइबर अपराध का बड़ा खुलासा: 19 वर्षीय युवक गिरफ्तार

अमरावती में साइबर अपराध का मामला

महाराष्ट्र के अमरावती जिले में एक गंभीर साइबर अपराध का मामला सामने आया है, जिसमें 19 वर्षीय एक युवक को लड़कियों की आपत्तिजनक तस्वीरें और अश्लील वीडियो ऑनलाइन साझा करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस की जांच में आरोपी के पास से लगभग 350 अश्लील वीडियो बरामद हुए हैं, और उसने 180 से अधिक नाबालिग लड़कियों को अपना निशाना बनाया।


आरोपी की पहचान

पुलिस ने आरोपी की पहचान अयान अहमद उर्फ तनवीर अहमद के रूप में की है, जो अमरावती के परतवाड़ा क्षेत्र का निवासी है। उसे 11 अप्रैल को हिरासत में लिया गया, जब सोशल मीडिया पर उसकी कुछ लड़कियों के साथ आपत्तिजनक तस्वीरें और वीडियो वायरल हुए। प्रारंभिक जांच में यह पता चला है कि आरोपी लड़कियों को बहला-फुसलाकर उनकी मर्जी के खिलाफ अश्लील सामग्री बनाता था और फिर उन्हें सोशल मीडिया पर अपलोड कर बदनाम करता था।


महत्वपूर्ण सबूतों की बरामदगी

पुलिस ने आरोपी का मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त कर लिए हैं। फोरेंसिक जांच के माध्यम से डिलीट किए गए डेटा को भी पुनः प्राप्त किया जा रहा है। आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 294, पॉक्सो एक्ट की धारा 8 और आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि अब तक किसी भी पीड़िता ने औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई है।


पुलिस की अपील

पुलिस ने पीड़ितों और उनके परिवारों से अपील की है कि वे आगे आकर जांच में सहयोग करें और उनकी पहचान को गोपनीय रखने का आश्वासन दिया है।


विशेष जांच दल की मांग

राज्यसभा सांसद अनिल बोंडे ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष जांच दल (SIT) से जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि इस अपराध में अन्य लोग भी शामिल हो सकते हैं और इसके लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे WhatsApp और Snapchat पर ग्रुप बनाए गए थे। पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है कि आरोपी अकेला काम कर रहा था या किसी बड़े नेटवर्क का हिस्सा था।


आरोपी का जाल

जांच के अनुसार, आरोपी पहले पीड़ितों का विश्वास जीतकर उन्हें प्रेम संबंधों में फंसाता था। इसके बाद उन्हें मुंबई और पुणे ले जाकर उनकी मर्जी के बिना अश्लील वीडियो बनाता था। इन वीडियो के जरिए वह उन्हें ब्लैकमेल करता और कथित तौर पर वेश्यावृत्ति में धकेलने की कोशिश करता था। अधिकतर पीड़िताएं 16 से 17 वर्ष की छात्राएं बताई जा रही हैं, जो कोचिंग के दौरान उसके संपर्क में आईं।


राजनीतिक विवाद

इस मामले ने अब राजनीतिक रंग ले लिया है। आरोपी के ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) से जुड़े होने के आरोपों पर विवाद खड़ा हो गया है। असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी से संबंधों को लेकर विपक्षी नेताओं ने सवाल उठाए हैं, जबकि पार्टी के स्थानीय प्रतिनिधियों ने आरोपी से किसी भी तरह के संबंध से इनकार किया है।


पुलिस की कार्रवाई

पुलिस का कहना है कि मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।