मुंबई नगर निगम में अश्विनी भिड़े की संभावित नियुक्ति: एक नया अध्याय
मुंबई नगर निगम में बदलाव की संभावना
मुंबई के नगरपालिका प्रशासन में एक महत्वपूर्ण बदलाव की संभावना है। वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अश्विनी भिड़े ब्रिहनमुंबई नगर निगम (बीएमसी) की आयुक्त बनने की सबसे मजबूत उम्मीदवार मानी जा रही हैं। यदि उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी जाती है, तो वे इस देश के सबसे धनी नगर निगम की पहली महिला प्रमुख बन जाएंगी।
वर्तमान आयुक्त का रिटायरमेंट
वर्तमान आयुक्त भूषण गाग्रानी मंगलवार को रिटायर हो रहे हैं। यह निर्णय केवल प्रतीकात्मक नहीं है, बल्कि शहर की विकास योजनाओं को आगे बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हाल ही में हुए नगर निगम चुनावों के बाद भाजपा ने शिवसेना के सहयोग से सत्ता संभाली है।
अश्विनी भिड़े का परिचय
अश्विनी भिड़े 1995 बैच की आईएएस अधिकारी हैं, जिन्हें मुंबई में 'मेट्रो वुमन' के नाम से जाना जाता है। वर्तमान में, वे मुख्यमंत्री कार्यालय में अतिरिक्त मुख्य सचिव के पद पर कार्यरत हैं और मुंबई मेट्रो रेल निगम का भी नेतृत्व कर रही हैं। उन्होंने कोल्हापुर से अपनी सेवा शुरू की और नागपुर तथा सिंधुदुर्ग जिला परिषद की सीईओ रह चुकी हैं।
मेट्रो 3 परियोजना की चुनौतियाँ
अश्विनी भिड़े की पहचान मुंबई मेट्रो लाइन 3, जिसे एक्वा लाइन भी कहा जाता है, पर काम करते हुए बनी। यह पहली अंडरग्राउंड मेट्रो सुरंग है जो पुरानी इमारतों के नीचे से गुजरी है। भूमि अधिग्रहण और पुनर्वास जैसे मुद्दे राजनीतिक रूप से संवेदनशील रहे हैं।
नियुक्ति पर चर्चा
बीएमसी आयुक्त पद के लिए निर्णय लेने से पहले मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने बैठक की। सूत्रों के अनुसार, अश्विनी भिड़े ने शिंदे से व्यक्तिगत रूप से मुलाकात की। फडणवीस उनके पक्ष में हैं, जबकि शिंदे शहरी विकास विभाग के प्रमुख असीम गुप्ता का समर्थन कर रहे हैं।
भिड़े का अनुभव
भिड़े के पास प्रशासनिक अनुभव और बड़े पैमाने की परियोजनाओं को सफलतापूर्वक पूरा करने का रिकॉर्ड है। उन्होंने एमएमआरडीए में अतिरिक्त आयुक्त के रूप में कार्य किया है और बीएमसी में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
शहर के लिए नया युग
यह नियुक्ति केवल एक पद परिवर्तन नहीं है, बल्कि मुंबई की विकास गति को नई दिशा देने का अवसर हो सकता है। भिड़े की कार्यशैली पर ध्यान दिया जा रहा है, क्योंकि बीएमसी देश का सबसे अमीर नगर निगम है।
