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मुंबई में एटीएम कैश वैन लूट: पुलिस ने छह घंटे में किया खुलासा

मुंबई के कांदिवली में एटीएम कैश वैन लूट की घटना ने हड़कंप मचा दिया, लेकिन पुलिस ने छह घंटे के भीतर मामले को सुलझा लिया। मुख्य आरोपी, जो कैश हैंडलिंग कंपनी में कार्यरत था, ने पूरी योजना बनाई थी। पुलिस ने तकनीकी जांच के माध्यम से आरोपियों को पकड़ने में सफलता पाई और चोरी की गई राशि भी बरामद की। जानें इस मामले की पूरी कहानी।
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मुंबई में एटीएम कैश वैन लूट: पुलिस ने छह घंटे में किया खुलासा

कैश वैन लूट की घटना


मुंबई के कांदिवली क्षेत्र में एटीएम कैश वैन की लूट ने कुछ समय के लिए हड़कंप मचा दिया था। हालांकि, पुलिस की तत्परता ने इस घटना को बड़ी वारदात बनने से पहले ही रोक दिया। महज छह घंटे के भीतर, पुलिस ने न केवल मामले को सुलझा लिया, बल्कि दो संदिग्धों को गिरफ्तार कर चोरी की गई अधिकांश राशि भी बरामद कर ली। इस मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि लूट को अंजाम देने वाला व्यक्ति उसी कंपनी में कार्यरत था।


लूट की योजना और आरोपी

इस लूट का मुख्य आरोपी सुशांत कसारे था, जो कैश हैंडलिंग कंपनी में काम करता था। पुलिस के अनुसार, उसने पहले से ही पूरी योजना बना रखी थी और मौके का लाभ उठाते हुए वारदात को अंजाम दिया। उसने एटीएम पर पहुंचे कर्मचारियों और सुरक्षा गार्ड का ध्यान भटकाया और इसी दौरान कैश से भरे दो बैग लेकर फरार हो गया। यह स्पष्ट है कि आरोपी को पूरी प्रक्रिया की जानकारी थी, जिससे उसने बिना किसी संदेह के इस अपराध को अंजाम दिया।


घटना का समय और स्थान

यह घटना 21 अप्रैल की रात लगभग 9:40 बजे हुई, जब एक कैश वैन कांदिवली वेस्ट के एक एटीएम में पैसे भरने पहुंची थी। इसी समय, आरोपी ने अपने साथी के साथ मिलकर वैन को लूटने की योजना बनाई। इसके बाद, वह पहले से खड़ी कार में बैठकर मौके से भाग निकला। पुलिस को सूचना मिलते ही इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच शुरू की गई।


तकनीकी जांच से मिली सफलता

पुलिस ने मोबाइल ट्रैकिंग और तकनीकी विश्लेषण का उपयोग करके आरोपियों की लोकेशन का पता लगाया। जांच में पता चला कि आरोपी मुंबई-गोवा हाईवे की ओर बढ़ रहे हैं। उन्हें पकड़ने के लिए तुरंत टीमों को सक्रिय किया गया और उनका पीछा शुरू हुआ। पीछा करते हुए रायगढ़ जिले के पेन तालुका के पास पुलिस ने वाहन को घेर लिया और मुख्य आरोपी को मौके पर ही पकड़ लिया। उसके पास से लगभग 62.74 लाख रुपये बरामद हुए, जो चोरी की गई राशि का एक बड़ा हिस्सा था।


पुलिस की तत्परता

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह पूरी साजिश बहुत सोच-समझकर बनाई गई थी, लेकिन समय पर कार्रवाई के कारण आरोपियों की योजना विफल हो गई। पुलिस ने दूसरे आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया है, जिसने इस अपराध में वाहन उपलब्ध कराया था। फिलहाल, पुलिस यह जांच कर रही है कि इस साजिश में और कितने लोग शामिल हो सकते हैं।