रेवाड़ी के घोड़े ने दुबई में भारत का मान बढ़ाया
रेवाड़ी का घोड़ा बना अंतरराष्ट्रीय सितारा
रेवाड़ी. हरियाणा के लोग, चाहे वे दुनिया के किसी भी कोने में हों, अपनी विशेष पहचान बना लेते हैं। इस बार यह उपलब्धि किसी पहलवान या एथलीट की नहीं, बल्कि रेवाड़ी के एक अद्भुत घोड़े ने हासिल की है। दुबई के प्रसिद्ध रेस कोर्स में आयोजित 1400 मीटर की अंतरराष्ट्रीय दौड़ में भारत का झंडा ऊंचा किया गया है।
ओरिजनल आउटलॉ की शानदार रफ्तार
रेवाड़ी जिले के गोठड़ा गांव के निवासी रवि चौहान के घोड़े 'ओरिजनल आउटलॉ' ने अपनी तेज रफ्तार से सभी को हैरान कर दिया। इस प्रतियोगिता में 14 अन्य घोड़ों के बीच, ओरिजनल आउटलॉ ने दूसरा स्थान प्राप्त कर देश का मान बढ़ाया है।
ब्रिटिश नस्ल और देसी जुनून
'ओरिजनल आउटलॉ' कोई साधारण घोड़ा नहीं है। यह ब्रिटेन की एक उत्कृष्ट नस्ल का घोड़ा है, जिसे दुबई के प्रसिद्ध ट्रेनर डग वॉटसन ने प्रशिक्षित किया है। इसके मालिक रवि चौहान ने अपने फार्म हाउस का नाम 'रविंद्रगढ़' रखा है।
दुबई के शासक के घोड़े से मुकाबला
इस रेस की गुणवत्ता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पहले स्थान पर 'बेकाली' नामक घोड़ा था, जो दुनिया के सबसे अमीर अस्तबल 'गोडोल्फिन' का हिस्सा है।
रवि और अनीता की पहचान
दुबई में इस भव्य आयोजन में रवि चौहान अपनी पत्नी अनीता चौहान के साथ उपस्थित थे। रेस प्रेजेंटेशन के दौरान उन्हें 'रविंद्रगढ़ के कुंवर रवि चौहान' और 'रानी अनीता चौहान' के रूप में संबोधित किया गया। यह क्षण उनके परिवार और पूरे अहीरवाल क्षेत्र के लिए गर्व का विषय था।
घुड़सवारी में भारत का बढ़ता कद
विशेषज्ञों का मानना है कि भारतीय घोड़ों का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शन भारतीय घुड़सवारी के भविष्य के लिए सकारात्मक संकेत है। सूरज नरडू जैसे भारतीय जॉकी का दुबई में प्रदर्शन नई पीढ़ी को इस खेल की ओर आकर्षित करेगा।
