लखनऊ में छात्रा के साथ दुष्कर्म: तेजस हॉस्पिटल सील, आरोपी डॉक्टर का लाइसेंस निलंबित
लखनऊ में गंभीर मामला
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक ने तेजस हॉस्पिटल में एक 12वीं कक्षा की छात्रा के साथ दुष्कर्म के मामले को गंभीरता से लिया है। उन्होंने अस्पताल को सील करने के आदेश दिए हैं। इसके साथ ही, आरोपी डॉक्टर विजय गिरी का चिकित्सकीय लाइसेंस निलंबित करने और उनकी आयुर्वेदिक डिग्री को जब्त करने के लिए आयुर्वेदिक विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया गया है।
ब्रजेश पाठक ने कहा कि सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि आरोपी भविष्य में किसी भी चिकित्सकीय कार्य में संलग्न न हो सके। उन्होंने यह भी कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार पीड़ित छात्रा और उसके परिवार के साथ खड़ी है और आरोपी को कड़ी सजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा।
घटना का विवरण
जानिए पूरा मामला
तेजस हॉस्पिटल, जो कि सीएचसी से मात्र 50 मीटर की दूरी पर स्थित है, में भर्ती युवती के साथ इलाज करने वाले डॉक्टर विजय कुमार गिरि पर आरोप है कि उन्होंने उसे नशीला इंजेक्शन लगाकर दुष्कर्म किया। जब परिवार वालों को इस घटना का पता चला, तो उन्होंने अस्पताल में हंगामा शुरू कर दिया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आरोपी डॉक्टर को हिरासत में ले लिया है और युवती को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा गया है।
बख्शी का तालाब के एक गांव की 19 वर्षीय युवती एक प्राइवेट कॉलेज के हॉस्टल में रहकर डिप्लोमा कोर्स कर रही थी। उसे पिछले रविवार को चक्कर आने पर हॉस्टल वार्डन की सूचना पर परिजनों ने दुबग्गा के पास एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। मंगलवार को उसकी तबीयत फिर से बिगड़ने पर उसे तेजस हॉस्पिटल में भर्ती किया गया। पीड़िता ने बताया कि बुधवार को उसे ओटी में ले जाकर डॉक्टर ने पहले इंजेक्शन लगाया और फिर उसे कुछ याद नहीं रहा। जब वह होश में आई, तो उसने अपने कपड़े अस्त-व्यस्त पाए।
