सेना प्रमुख जनरल द्विवेदी की पाकिस्तान को चेतावनी: भूगोल या इतिहास का चुनाव
सेना प्रमुख का स्पष्ट संदेश
पाकिस्तान, जो आतंकियों को शरण देता है, को सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने एक स्पष्ट चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि अब पाकिस्तान को यह तय करना होगा कि वह अपने इतिहास को बदलना चाहता है या अपने भूगोल को। जनरल द्विवेदी ने कहा कि यदि पाकिस्तान आतंकियों की मदद करना और भारत के खिलाफ साजिशें करना जारी रखता है, तो निश्चित रूप से उसका भूगोल बदल जाएगा। यह बयान भारत के ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ के अवसर पर दिया गया है, जिससे इसकी महत्ता और बढ़ जाती है।
कड़ी चेतावनी का संदर्भ
"... यदि पाकिस्तान आतंकियों को पनाह देता है और भारत के खिलाफ कार्य करता है, तो उन्हें तय करना होगा कि वे भूगोल और इतिहास का हिस्सा बनना चाहते हैं या नहीं," सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने नई दिल्ली में सेना संवाद के दौरान कहा।#Pakistan #OperationSindoor #SenaSamvad… pic.twitter.com/V8UhEhQPRy
— All India Radio News (@airnewsalerts) May 16, 2026
पाकिस्तान को दी गई चेतावनी
शनिवार को नई दिल्ली के मानेकशॉ सेंटर में आयोजित एक कार्यक्रम में, सेना प्रमुख ने ऑपरेशन सिंदूर जैसी स्थितियों पर भारतीय सेना की प्रतिक्रिया के बारे में पूछे गए सवालों के जवाब में यह बात कही। उन्होंने पाकिस्तान को चेतावनी देते हुए कहा कि उसे यह तय करना चाहिए कि क्या वह दुनिया के नक्शे पर बना रहना चाहता है या इतिहास का हिस्सा बनना चाहता है। इसका मतलब यह है कि यदि पाकिस्तान आतंकियों को शरण देता है, तो भारतीय सेना ऑपरेशन सिंदूर से भी कठोर प्रतिक्रिया देगी।
ऑपरेशन सिंदूर का इतिहास
यह उल्लेखनीय है कि भारतीय सेना ने 7 मई 2025 को ऑपरेशन सिंदूर की शुरुआत की थी, जो पिछले साल पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद की गई थी। इस ऑपरेशन के तहत पीओके में आतंकियों के ठिकानों पर सटीक कार्रवाई की गई थी। इसके जवाब में पाकिस्तान ने भी कार्रवाई की, जिसके बाद भारत ने मुंहतोड़ जवाब दिया। दोनों देशों के बीच 88 घंटों तक संघर्ष चला, और अंततः 10 मई को एक आपसी समझौते के बाद सीजफायर की घोषणा की गई। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस सीजफायर के लिए मध्यस्थता का दावा किया, लेकिन भारत ने इसे खारिज कर दिया।
