हरियाणा में पश्चिमी विक्षोभ से मौसम में बदलाव, किसानों की चिंता बढ़ी
हरियाणा में मौसम का मिजाज बदल रहा है
चंडीगढ़. हरियाणा में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो गया है, जिससे किसानों की चिंताएं बढ़ गई हैं। मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों में तेज हवाओं के साथ बारिश और बूंदाबांदी की चेतावनी जारी की है, जिससे मार्च के अंत तक तापमान में गिरावट की संभावना है।
किसानों की बढ़ती चिंताएं, गेहूं की फसल पर खतरा
हाल ही में 19 और 20 मार्च को हुई लगभग 200MM बारिश ने खेतों में खड़ी गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचाया है। अब फिर से आंधी और बारिश की संभावना ने किसानों की नींद उड़ा दी है। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि फसल पकने के कगार पर है, ऐसे में तेज हवाओं के साथ बूंदाबांदी फसल को नुकसान पहुंचा सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, कई जिलों में तापमान में 5 से 7 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट आई है, जिससे मार्च में भी ठंड का अहसास हो रहा है।
28 मार्च तक मौसम में बदलाव जारी रहेगा
मौसम वैज्ञानिक डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि मार्च के अंतिम सप्ताह में मौसम में सुधार की उम्मीद कम है। 23 मार्च को मौजूदा मौसम प्रणाली के आगे बढ़ने पर उत्तरी ठंडी हवाएं फिर से ठंड बढ़ा सकती हैं और हल्का कोहरा भी देखने को मिल सकता है। इसके बाद 25 और 28 मार्च को दो और पश्चिमी विक्षोभ आएंगे, जिससे हरियाणा, दिल्ली और एनसीआर में धूल भरी आंधी और बारिश का दौर जारी रहेगा।
उत्तरी हवाओं से तापमान में गिरावट
मौसम में हो रहे इन परिवर्तनों के कारण तापमान में स्थिरता नहीं आ रही है। दिन में धूप खिलने के बावजूद चलने वाली सर्द हवाएं सामान्य जनजीवन को प्रभावित कर रही हैं। डॉक्टरों ने इस बदलते मौसम में स्वास्थ्य के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी है, खासकर छोटे बच्चों और बुजुर्गों के लिए। आने वाले तीन दिनों में घर से बाहर निकलते समय मौसम की ताजा जानकारी रखना और सावधानी बरतना आवश्यक है।
