कश्मीर में ईरान के लिए चंदा: बलूच एक्टिविस्ट का सवाल
कश्मीर में ईरान के लिए चंदा जुटाने की गतिविधियों पर बलूचिस्तान के एक्टिविस्ट मीर यार बलोच ने गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कश्मीर के शिया समुदाय की उदारता पर चिंता व्यक्त करते हुए पूछा है कि क्या भारत के खिलाफ पाकिस्तान और ईरान एक साजिश में शामिल हैं। इस लेख में जानें कि कैसे कश्मीर के लोग ईरान के लिए दान कर रहे हैं और इसके पीछे के राजनीतिक निहितार्थ क्या हैं।
| Mar 24, 2026, 11:57 IST
कश्मीर में ईरान के प्रति समर्थन
कश्मीर के लोग, चाहे वे बच्चे हों या बुजुर्ग, ईरान के लिए उदारता से दान कर रहे हैं। यहाँ तक कि बर्तन और आभूषण जैसी वस्तुएं भी ईरान के लोगों के लिए भेजी जा रही हैं। वर्तमान में, शिया मुस्लिम ईरान के समर्थन में खड़े हैं, लेकिन क्या भविष्य में पाकिस्तान के लिए सुन्नी मुस्लिम भी ऐसा करेंगे? इस संदर्भ में, बलूचिस्तान के एक प्रमुख एक्टिविस्ट ने कश्मीरियों की उदारता पर सवाल उठाया है। मीर यार बलोच ने यह चिंता व्यक्त की है कि क्या भारत के खिलाफ पाकिस्तान और ईरान एक साजिश में शामिल हैं। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान को इस धन की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि उसके पास अरबों डॉलर का तेल है, जिसका उपयोग वह मध्य पूर्व में शिया समर्थित मिलिटेंट्स को फंड देने के लिए करता है।
बलूचिस्तान और सिंध के लिए समर्थन की कमी
मीर यार बलोच ने यह भी कहा कि कश्मीर के शिया समुदाय ने कभी बलूचिस्तान और सिंध के लिए धन नहीं जुटाया, जबकि वहां के लोग दशकों से पाकिस्तान की क्रूरता का सामना कर रहे हैं। उन्होंने सवाल किया कि कश्मीर के शिया समुदाय ने उन बलूच लोगों के लिए धन क्यों नहीं जुटाया, जिन्हें पाकिस्तान ने दबा रखा है। बलोच ने यह भी पूछा कि कश्मीर के लोग खामिनई के लिए धन क्यों जुटा रहे हैं, जबकि भारत और ईरान के बीच के संबंधों का इतिहास है।
ईरान के प्रति चंदा जुटाने का सवाल
दिलचस्प बात यह है कि किसी अन्य मुस्लिम देश में इस तरह से ईरान के लिए चंदा नहीं जुटाया जा रहा है। सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात जैसे देश ईरान को आतंकवादी देश मानते हैं। क्या भारतीय मुस्लिमों को एक खतरनाक नैरेटिव के तहत भड़काया जा रहा है? कश्मीर में शिया मुसलमानों की बड़ी संख्या है, जो ईरान के साथ गहरे संबंध मानते हैं। हाल ही में, जब ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अली खामिनई का निधन हुआ, तो कश्मीर में इसके खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए थे। अब, दान की तस्वीरें सामने आ रही हैं, जहाँ लोग ईरान के लिए दिल खोलकर दान कर रहे हैं। इस बीच, भारत में ईरानी दूतावास ने इस सहायता के लिए विशेष धन्यवाद दिया है।
