नीरज चोपड़ा और सुमित अंतिल की शिकायत पर कोच नवल सिंह की बर्खास्तगी
भारतीय खेलों में बड़ा विवाद
नई दिल्ली: भारतीय खेलों की दुनिया में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। ओलंपिक चैंपियन नीरज चोपड़ा और पैरालंपिक गोल्ड मेडलिस्ट सुमित अंतिल की गंभीर शिकायतों के बाद भारतीय पैरालंपिक समिति (पीसीआई) ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। समिति ने द्रोणाचार्य पुरस्कार से सम्मानित कोच नवल सिंह को तुरंत उनके पद से हटा दिया है। इन दो प्रमुख खिलाड़ियों की शिकायतों के बाद खेल जगत में हलचल मच गई है।
गंभीर आरोपों का खुलासा
यह विवाद तब सामने आया जब सुमित अंतिल ने भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) को एक लिखित शिकायत दी। इस शिकायत में उन्होंने कोच नवल सिंह पर मानसिक उत्पीड़न, गालियां देने और अनुचित व्यवहार के गंभीर आरोप लगाए। सुमित ने कहा कि कोच अक्सर शराब के नशे में खिलाड़ियों को अपमानित करते थे और उनके परिवार को भी निशाना बनाते थे। इस शिकायत ने खेल संघों में एथलीटों के साथ होने वाले व्यवहार पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
नीरज चोपड़ा का समर्थन
इस मामले में नीरज चोपड़ा ने भी सुमित का समर्थन किया। उन्होंने कोच नवल सिंह के व्यवहार को शर्मनाक बताते हुए कहा कि कोच ने उनके और उनके परिवार के खिलाफ अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया। नीरज ने स्पष्ट किया कि कोच का यह रवैया खेल की गरिमा और मानवीय शिष्टाचार के सभी मानकों को तोड़ता है। इन दोनों चैंपियंस के समर्थन के बाद पीसीआई पर कार्रवाई करने का दबाव बढ़ गया।
पीसीआई की जांच और निर्णय
मामले की गंभीरता को देखते हुए पीसीआई ने तुरंत जांच शुरू की। पीसीआई के अध्यक्ष देवेंद्र झांझड़िया ने बताया कि कई खिलाड़ियों से लगातार ऐसी शिकायतें मिलने के बाद गहन जांच की गई। प्रारंभिक जांच में कोच पर लगे आरोप सही पाए गए। इसके बाद पीसीआई ने एक आपातकालीन बैठक बुलाई और एथलीटों की सुरक्षा और खेल के मानकों को ध्यान में रखते हुए नवल सिंह को सभी खेल गतिविधियों से हटा दिया। समिति ने स्पष्ट किया कि किसी भी एथलीट के साथ अमर्यादित व्यवहार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
