Newzfatafatlogo

यमुना एक्सप्रेसवे पर बुलेट ट्रेन के लिए नए स्टेशन का निर्माण

यमुना एक्सप्रेसवे विकास प्राधिकरण ने बुलेट ट्रेन के लिए नए स्टेशन बनाने की योजना बनाई है, जिसमें मथुरा और आगरा में स्टेशन शामिल हैं। इस परियोजना पर तेजी से काम चल रहा है, और इसके लिए भूमि की खोज शुरू हो चुकी है। कंसल्टेंट कंपनी ने रूट अलाइनमेंट और स्टेशनों की स्थिति पर चर्चा की है। जानें इस महत्वाकांक्षी परियोजना के बारे में और अधिक जानकारी।
 | 
यमुना एक्सप्रेसवे पर बुलेट ट्रेन के लिए नए स्टेशन का निर्माण

बुलेट ट्रेन के स्टेशन का निर्माण

यमुना एक्सप्रेसवे विकास प्राधिकरण (YEIDA) ने बुलेट ट्रेन के माध्यम से तीन शहरी केंद्रों को जोड़ने की योजना बनाई है। मथुरा के निकट राया और इटौली शहरी केंद्रों के साथ-साथ आगरा के एत्मादपुर मदरा में बुलेट ट्रेन के स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। इसका मतलब है कि मथुरा और आगरा जिलों में एक-एक बुलेट ट्रेन स्टेशन का निर्माण होगा। उल्लेखनीय है कि दिल्ली-वाराणसी हाई-स्पीड ट्रेन परियोजना पर तेजी से कार्य चल रहा है, और नेशनल हाई स्पीड रेल कॉरपोरेशन (NHSRCL) ने भूमि की खोज शुरू कर दी है।


यमुना प्राधिकरण के साथ चर्चा

अलाइनमेंट पर चर्चा

एनएचएसआरसीएल के कंसल्टेंट नाइट फ्रेंक के प्रतिनिधियों ने यमुना एक्सप्रेसवे विकास प्राधिकरण के एसीईओ शैलेंद्र भाटिया से मिलकर रूट अलाइनमेंट और स्टेशनों की स्थिति पर चर्चा की। नाइट फ्रेंक के प्रतिनिधियों ने बताया कि राया और आगरा शहरी केंद्रों के लिए 250 एकड़ से अधिक भूमि की आवश्यकता होगी, जिस पर आवासीय और वाणिज्यिक निर्माण किया जाएगा।


अर्बन सेंटर से अतिरिक्त आय

आय के स्रोत

ये शहरी केंद्र बुलेट ट्रेन परियोजना के लिए अतिरिक्त आय के स्रोत के रूप में कार्य करेंगे। कंसल्टेंट कंपनी ने आगरा विकास प्राधिकरण के साथ भी इस विषय पर बैठक की है। आगरा अर्बन सेंटर को पहले इन रिंग रोड से बुलेट स्टेशन से जोड़ा जाएगा, और आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे के निकट स्टेशन प्रस्तावित है।


प्रजेंटेशन की योजना

कंसल्टेंट कंपनी का प्रजेंटेशन

यमुना एक्सप्रेसवे विकास प्राधिकरण के सीईओ राकेश कुमार सिंह ने बताया कि कंसल्टेंट कंपनी से परियोजना की विस्तृत जानकारी साझा करने के लिए कहा गया है। कंपनी ने प्राधिकरण में परियोजना का प्रजेंटेशन देने के लिए समय मांगा है। बुलेट ट्रेन परियोजना का दिल्ली-वाराणसी कॉरिडोर 865 किमी लंबा होगा, जिसमें आगरा और मथुरा जिलों में एक-एक स्टेशन का निर्माण किया जाएगा। इस परियोजना पर अनुमानित 2.30 लाख करोड़ रुपये का खर्च आएगा, और बुलेट ट्रेन की गति 350 किमी प्रति घंटा प्रस्तावित है।