Newzfatafatlogo

हरियाणा सरकार की वरिष्ठ नागरिक सम्मान योजना: आवेदन आमंत्रित

हरियाणा सरकार ने वरिष्ठ नागरिक सम्मान पुरस्कार योजना के तहत आवेदन आमंत्रित किए हैं, जिसका उद्देश्य समाज सेवा, कला, खेल और बहादुरी में योगदान देने वाले बुजुर्गों को सम्मानित करना है। इस योजना के तहत विभिन्न पुरस्कार श्रेणियाँ और पुरस्कार राशि निर्धारित की गई है। इच्छुक व्यक्ति 12 जनवरी, 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। यह पहल बुजुर्गों के सम्मान को बढ़ावा देने के साथ-साथ समाज में उनके योगदान को नई दिशा प्रदान करेगी।
 | 
हरियाणा सरकार की वरिष्ठ नागरिक सम्मान योजना: आवेदन आमंत्रित

वरिष्ठ नागरिक सम्मान पुरस्कार योजना का उद्देश्य

हरियाणा सरकार बुजुर्गों को मान-सम्मान देने और उनके अनुभवों का लाभ उठाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसी दिशा में, राज्य सरकार ने वर्ष 2025-26 के लिए वरिष्ठ नागरिक सम्मान पुरस्कार योजना के तहत आवेदन आमंत्रित किए हैं। इस योजना का मुख्य उद्देश्य समाज सेवा, कला, खेल और बहादुरी जैसे क्षेत्रों में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले वरिष्ठ नागरिकों को सम्मानित करना है, ताकि उन्हें नई पहचान और प्रोत्साहन मिल सके।


योजना का संचालन और पुरस्कार श्रेणियाँ

जिला उपायुक्त अभिषेक मीणा ने बताया कि यह योजना सामाजिक न्याय, अधिकारिता, अनुसूचित जातियां एवं पिछड़े वर्ग कल्याण विभाग द्वारा संचालित की जा रही है। योजना के अंतर्गत व्यक्तिगत पुरस्कारों में शतवर्षीय पुरस्कार, श्रेष्ठ माता, शौर्य एवं बहादुरी, और आजीवन उपलब्धि शामिल हैं। इसके अलावा, वरिष्ठ पेंटर, मूर्तिकार, संगीतकार और खिलाड़ियों को भी सम्मानित किया जाएगा।


संस्थागत पुरस्कार और आवेदन प्रक्रिया

संस्थागत श्रेणियों में श्रेष्ठ पंचायत पुरस्कार, श्रेष्ठ स्वैच्छिक संगठन (एनजीओ) पुरस्कार, श्रेष्ठ वृद्धाश्रम और श्रेष्ठ दैनिक देखभाल केन्द्र शामिल हैं। कला एवं खेल श्रेणियों में प्रथम पुरस्कार 50 हजार रुपए, द्वितीय पुरस्कार 30 हजार रुपए और तृतीय पुरस्कार 20 हजार रुपए है। संस्थागत श्रेणियों के लिए, प्रथम पुरस्कार एक लाख रुपए, द्वितीय पुरस्कार 75 हजार रुपए और तृतीय पुरस्कार 50 हजार रुपए निर्धारित किया गया है।


इच्छुक व्यक्ति या संस्थाएं अपनी उपलब्धियों से संबंधित प्रमाण पत्र और आवश्यक दस्तावेजों के साथ विभाग के पोर्टल पर 12 जनवरी, 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। यह भी स्पष्ट किया गया है कि पिछले तीन वर्षों में पुरस्कार प्राप्त करने वाले व्यक्ति या संस्थाएं उसी श्रेणी में पुनः आवेदन नहीं कर सकेंगे।


बुजुर्गों के सम्मान को बढ़ावा

डीसी अभिषेक मीणा ने वरिष्ठ नागरिकों और संस्थाओं से इस योजना का अधिकतम लाभ उठाने का आग्रह किया। यह पहल न केवल बुजुर्गों के सम्मान को बढ़ावा देगी, बल्कि समाज के निर्माण में उनके अनुभव और योगदान को भी नई दिशा प्रदान करेगी।