अमित शाह का नक्सलवाद समाप्त करने का आश्वासन, 2026 तक खत्म करने का लक्ष्य
कटक में अमित शाह का बड़ा दावा
कटक: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नागरिकों को आश्वासन दिया है कि नक्सलवाद को समाप्त करने की दिशा में सरकार गंभीर है। उन्होंने कहा कि 31 मार्च 2026 तक देश से नक्सलवाद का सफाया कर दिया जाएगा। यह बयान उन्होंने ओडिशा के कटक में सेंट्रल इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स (सीआईएसएफ) के 57वें स्थापना दिवस पर दिया।
शाह ने कहा कि हमारे सुरक्षा बल नक्सलियों को पूरी तरह से पराजित करेंगे। उन्होंने नक्सलवाद के खतरे का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले इन लोगों ने तिरुपति से पशुपतिनाथ तक रेड कॉरिडोर पर नियंत्रण स्थापित किया था। यह बयान उन्होंने गुवाहाटी में CRPF स्थापना दिवस पर भी दिया था, जहां उन्होंने नक्सलवादियों के खिलाफ सुरक्षा बलों की कार्रवाई की सराहना की थी।
CISF की भूमिका की सराहना
अमित शाह ने कहा कि मोदी सरकार नक्सलवाद को समाप्त करने के लिए दृढ़ संकल्पित है। उन्होंने सीआईएसएफ की सराहना करते हुए कहा कि इस बल ने ओडिशा, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना में नक्सलवाद के खिलाफ महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि सुरक्षा बल तिरुपति से पशुपति तक के रेड कॉरिडोर का सपना देखने वालों को हराने में सफल होंगे।
समुद्री सुरक्षा पर भी ध्यान
CISF के कार्यक्रम में शाह ने कहा कि पोर्ट सुरक्षा की जिम्मेदारी लेने के बाद देश की समुद्री सीमाओं की सुरक्षा भी सुनिश्चित की जाएगी। यह सब देश की आर्थिक समृद्धि से जुड़ा है। चार साल पहले, प्राइवेट इंडस्ट्रियल स्थलों को सुरक्षा प्रदान करने के लिए CISF का एक हाइब्रिड मॉडल विकसित किया गया था। आने वाले समय में CISF इस मॉडल के माध्यम से प्राइवेट उद्योगों को सुरक्षा प्रदान करने के लिए तैयार होगा।
माओवादी सदस्यों की विधानसभा में उपस्थिति
नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति में सुधार देखा जा रहा है। इसका उदाहरण हाल ही में छत्तीसगढ़ विधानसभा में देखने को मिला, जहां 120 पुराने माओवादी सदन की कार्यवाही देखने आए। इस समूह में 54 महिलाएं भी शामिल थीं, जिन्होंने राज्य के मुख्यमंत्री विष्णु देव साईं और अन्य मंत्रियों से मुलाकात की।
